कर्नाटक के मुख्यमंत्री बसवराज बोम्मई ने तुमकुर जिले के बिदानगेरे गांव में 161 फुट ऊंची पंचमुखी हनुमानजी की प्रतिमा का अनावरण किया। इससे पहले यह राज्य कई विवादों की वजह से पहले से ही चर्चा में है।
विज्ञापन
इस दौरान बोम्मई ने कहा कि राज्य के लिए अच्छा समय आने वाला है। उन्होंने यह बात जिले के कुनिगल तालुक के बिदानगेरे में बिदानगेरे बसवेश्वर मठ द्वारा स्थापित 161 फीट ऊंची पंचमुखी अंजनेय स्वामी प्रतिमा के अनावरण के बाद कही। बोम्मई ने कहा कि रामनवमी के शुभ अवसर पर क्षेत्र में कई पवित्र कार्य किए जा रहे हैं। आने वाले दिनों में इस क्षेत्र में भारी विकास देखने को मिलेगा।
उन्होंने कहा कि पंचमुखी हनुमान का एक विशेष रूप है, जिसका रामायण में उल्लेख है। हनुमान ने दुनिया के कल्याण के लिए यह रूप लिया था। यह हनुमान की दिव्य इच्छा है कि कर्नाटक में उनकी 161 फीट ऊंची प्रतिमा स्थापित हो। मूर्तिकारों ने एक अद्भुत काम किया है।
विज्ञापन
मुख्यमंत्री बोम्मई ने कानून- व्यवस्था संघ परिवार के हवाले की: सिद्धरमैया
कर्नाटक विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष सिद्धरमैया ने हिंदू संगठनों के व्यवहार को लेकर रविवार को मुख्यमंत्री बसवराज बोम्मई की आलोचना की। उन्होंने आरोप लगाया कि सीएम ने कानून व्यवस्था विभाग संघ परिवार को सौंप दिया है। पूर्व मुख्यमंत्री ने सिलसिलेवार ट्वीट में मंदिरों के आसपास मुस्लिम दुकानदारों पर कथित तौर पर हमला करने वाले हिंदू संगठनों के खिलाफ कार्रवाई शुरू नहीं करने के मुद्दे पर बोम्मई पर निशाना साधा। कांग्रेस नेता ने ट्वीट किया, बसवराज बोम्मई ने सरकार के कानून और व्यवस्था विभाग को संघ परिवार के हवाले कर दिया है व श्रीराम सेना के गुंडों को अनुबंध पर नियुक्त किया गया है। कर्नाटक के लिए यह एक आपदा है।
उन्होंने कहा, राम के नाम पर मारीच का कार्य। ये रावण हैं, जो मारीचों को हुक्म दे रहे हैं और उन रावणों को भी दंडित किया जाना चाहिए। सिद्धरमैया ने कहा कि अगर बोम्मई ही कर्नाटक के मुख्यमंत्री हैं तो उन्हें धारवाड़ में मुस्लिम व्यापारियों की दुकानों में तोड़फोड़ करने के आरोप में ‘श्रीराम सेना के गुंडों’ को जेल में डाल देना चाहिए। उन्होंने कहा कि अगर बोम्मई ऐसा करने में असमर्थ हैं तो बेहतर होगा कि कर्नाटक के हित में वह इस्तीफा दे दें।