हाईकोर्ट के निर्देश के बाद केंद्रीय जांच एसेंजी (सीबीआई) ने धनबाद के जज उत्तम आनंद की हत्या की जांच का जिम्मा संभाल लिया है। जज की 28 जुलाई को उस समय एक ऑटो की टक्कर से मौत हो गई थी, जब वह मार्निंग वॉक से घर लौट रहे थे।
अधिकारियों के मुताबिक उन्हें केंद्र के जरिये झारखंड सरकार का अनुरोध प्राप्त हुआ है। पिछले शनिवार को ही मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने जज की हत्या की जांच सीबीआई से करवाने का निर्णय लिया था।
सीसीटीवी फुटेज से यह खुलासा हुआ कि जज रणधीर वर्मा चौक के पास काफी चौड़ी सड़क के एक किनारे पर जॉगिंग कर रहे थे, उसी समय पीछे से एक ऑटो ने उन्हें टक्कर मारी थी।
झारखंड सरकार ने एसआईटी की थी गठित
जज को कुचलकर मारने का यह मामला बेहद गंभीर माना गया है। सुप्रीम कोर्ट ने भी मामले में चिंता जताई थी। झारखंड हाईकोर्ट ने भी इस मामले को गंभीरता से लेते हुए सुनवाई की। हाईकोर्ट ने सरकार से जवाब मांगा था।
जिसके बाद हाईकोर्ट में डीजीपी ने कहा था कि मामले को लेकर एसआईटी गठित कर दी गई है। वहीं, हाईकोर्ट ने साफ कर दिया कि संतोषजनक जांच नहीं होने पर केस सीबीआई को ट्रांफसर किया था।