संजीव कपूर ने बताया कि 'ई-पासपोर्ट कियोस्क की मदद से उन्होंने लंदन के हीथ्रो एयरपोर्ट पर अराइवल इमीग्रेशन महज 10 सेकेंड में क्लियर कर लिया। यूएस में भी अराइवल इमीग्रेशन 10 सेकेंड में फेसियल पहचान की मदद से क्लियर हो गया।'
एयरपोर्ट्स पर इमीग्रेशन के लिए लंबी लाइनें आम बात हैं लेकिन जेट एयरवेज के सीईओ ने बताया है कि हाल ही में उन्होंने महज 10 सेकेंड में लंदन के हीथ्रो एयरपोर्ट पर इमीग्रेशन क्लियर किया। जेट एयरवेज के सीईओ संजीव कपूर ने ट्वीट करते हुए बताया कि 'ई-पासपोर्ट कियोस्क की मदद से उन्होंने लंदन के हीथ्रो एयरपोर्ट पर अराइवल इमीग्रेशन महज 10 सेकेंड में क्लियर कर लिया। यूएस में भी अराइवल इमीग्रेशन 10 सेकेंड में फेसियल पहचान की मदद से क्लियर हो गया। अमेरिका और ब्रिटेन में डिपार्चर इमीग्रेशन होता नहीं है। यह है डिजिटल होना।'
विज्ञापन
ई-पासपोर्ट कियोस्क का किया समर्थन
संजीव कपूर ने बताया कि 'यूएस ग्लोबल एंट्री अभी चल रही हैं और यह भारतीय पासपोर्ट धारकों के लिए भी उपलब्ध है। इसके लिए आपको बस इसमें आवेदन करना होगा और फीस का भुगतान करना होगा। संजीव कपूर ने लिखा कि 'तकनीक और ई-पासपोर्ट कियोस्क और ग्लोबल एंट्री जैसी सेवाओं से अराइवल इमीग्रेशन को पूरी तरह से मानव मुक्त कर दिया गया है और इसमें इंसानों की कोई जरूरत नहीं है। अब यह स्वचालित और डिजिटल हो गया है। जब डिजिटल सुविधा नहीं होगी तो इमीग्रेशन के लिए लंबी लाइनें लगेंगी और इमीग्रेशन अफसर पारंपरिक तरीके से इसे प्रोसेस करेंगे।'
बता दें कि भारत में भी ई-इनेबल्ड पासपोर्ट्स बनाने की दिशा में काम हो रहा है। संजीव कपूर ने भी इसे लेकर खुशी जाहिर की। ई-पासपोर्ट एक पेपर और इलेक्ट्रोनिक पासपोर्ट होता है, जिसमें रेडियो फ्रिक्वेंसी आइडेंटिफिकेशन (RFID) चिप होती है। इस चिप की मदद से पासपोर्ट की अहम जानकारियां चिप में सुरक्षित रखी जा सकती हैं। इससे पारदर्शिता बढ़ती है और साथ ही सुरक्षा भी बेहतर होती है।