केंद्र सरकार ने सिविल सर्विसेज के जम्मू-कश्मीर कैडर को खत्म करते हुए इसका विलय एजीएमयूटी कैडर में कर दिया है। सरकार के इस फैसले के बाद से जम्मू-कश्मीर के आईएएस, आईपीएस और आईएफएस अधिकारी अब एजीएमयूटी कैडर (अरुणाचल प्रदेश, गोवा, मिजोरम और यूनियन टेरेटरीज कैडर) का हिस्सा होंगे।
बता दें कि इससे पहले जम्मू-कश्मीर कैडर के अधिकारियों की नियुक्ति दूसरे राज्यों में नहीं होती थी। लेकिन अब नए आदेश के बाद से यहां के अधिकारियों को अन्य राज्यों में भी नियुक्ति की जा सकती है।
केंद्र सरकार की ओर से जारी एक अधिसूचना पर राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने इस पर हस्ताक्षर किए हैं। इसके माध्यम से भारतीय प्रशासनिक सेवा, भारतीय पुलिस सेवा और भारतीय वन सेवा के जम्मू कश्मीर कैडर का बृहस्पतिवार को ‘एजीएमयूटी’ (अरुणाचल, गोवा, मिजोरम और केंद्र शासित क्षेत्र) कैडर में विलय कर दिया गया।
कानून एवं न्याय मंत्रालय से जारी एक अधिसूचना के मुताबिक जम्मू कश्मीर कैडर के आईएएस, आईपीएस और भारतीय वन सेवा के अधिकारी अब ‘एजीएमयूटी’ कैडर का हिस्सा होंगे। अब, पूर्ववर्ती जम्मू कश्मीर कैडर के अधिकारियों को अरुणाचल प्रदेश, गोवा, मिजोरम तथा केंद्र शासित प्रदेश में नियुक्त किया जा सकेंगे। इसके साथ ही आवश्यक संशोधन केंद्र सरकार द्वारा संबद्ध कैडर आवंटन नियमों में किया जा सकता है।
केंद्र द्वारा अगस्त 2019 में जम्मू कश्मीर का विशेष दर्जा रद्द किए जाने और पूर्ववर्ती राज्य को दो केंद्र शासित प्रदेशों- जम्मू कश्मीर तथा लद्दाख में विभाजित किए जाने के एक साल से अधिक समय बाद यह कदम उठाया गया है।