इस्राइल और गाजा पट्टी में पैदा हुए अभूतपूर्व मानवीय संकट के बीच हजारों लोगों की मौत की खबरें आ रही हैं। सात अक्टूबर से शुरू हुई लड़ाई का सिलसिला जारी है। लोग जान बचाकर भाग रहे हैं। भारत के भी हजारों नागरिक इस्राइल में रहते हैं। उनकी स्वदेश वापसी के लिए भारत सरकार ऑपरेशन अजय चला रही है।
286 नागरिकों की वापसी, विदेश मंत्री का बयान
इस्राइल के युद्धग्रस्त और संवेदनशील इलाकों में फंसे लोगों के रेस्क्यू के लिए विदेश मंत्रालय की देखरेख में ऑपरेशन अजय के तहत यात्रियों को विमानों में एयरलिफ्ट कर भारत लाया जा रहा है। विदेश मंत्री डॉ एस जयशंकर ने बताया कि ऑपरेशन अजय के तहत 286 नागरिकों को भारत लाया जा रहा है।
ऑपरेशन अजय के तहत 286 यात्री एयरलिफ्ट किए जाएंगे
विदेश मंत्री जयशंकर ने बताया कि ऑपरेशन अजय लगातार चल रहा है। 286 यात्री भारत लाए जा रहे हैं। विमान में 18 नेपाली नागरिक भी होंगे। बता दें कि गत 11 दिनों से जारी युद्ध में अब तक हजारों लोग मारे जा चुके हैं। आतंकी संगठन हमास के खिलाफ इस्राइल की सैन्य कार्रवाई में भी बड़ी संख्या में लोगों की मौत की खबरें सामने आ रही हैं।
1,000 से अधिक भारतीय वापस आए: मुरलीधरन
इस बीच केंद्रीय विदेश राज्य मंत्री वी मुरलीधरन ने बताया कि अब तक 1,000 से 1,200 भारतीयों को विशेष उड़ानों से भारत वापस लाया गया है। इस्राइल में लगभग 20,000 भारतीय हैं और उन सभी को भारतीय दूतावास में खुद को पंजीकृत करने के लिए कहा गया है, ताकि अगर उन्हें वहां से निकालना पड़े तो उनके स्थान के बारे में जानना आसान हो सके।
युद्ध के बीच 20 लाख फलस्तीन के शरणार्थियों पर संकट
गाजा पट्टी पर इस्राइल की सेना की बड़ी कार्रवाई की खबरों के बीच रिपोर्ट्स में दावा किया जा रहा है कि फलस्तीनी शरणार्थियों के सामने संकट पैदा हो गया है। अंतरराष्ट्रीय मीडिया की रिपोर्ट्स के अनुसार करीब 20 लाख लोग गाजा पट्टी पर मानवीय मदद की बाट जोह रहे हैं। हालांकि, इस्राइल ने जिस तरह की कार्रवाई की है, इसके कारण अस्पतालों की बिजली और पानी जैसी बुनियादी चीजों पर भी संकट पैदा हो गया है।