देश में इन दिनों ट्रेन में दुर्घटना और खराबी की कई घटनाएं सामने आ रही है। 8 सितंबर को भी दो रेल दुर्घटनाओं के मामले सामने आए हैं। जबकि 9 सितंबर सोमवार को भी एक घटना फिर हुई। जहां तकनीकी खराबी के चलते दिल्ली से बनारस जा रही वंदे भारत एक्सप्रेस इटावा में बीच रास्ते में रूक गई है। ये ट्रेन करीब 5 घंटे से ज्यादा समय तक खड़ी रही। इसी ट्रेन में भाजपा की राज्यसभा सांसद गीता शाक्य भी सफर कर रही थी। यात्रियों के हंगामा करने पर उन्हें दूसरी ट्रेनो से कानपुर और अन्य स्टेशनों के लिए भेजा गया। जबकि दूसरा इंजन मंगवाकर भरथना स्टेशन के लूप लाइन पर खड़ी वंदे भारत को वापस दिल्ली भेजा गया।
जानकारी के मुताबिक, उत्तर प्रदेश के इटावा में दिल्ली-हावड़ा रेल मार्ग पर भरथना और साम्हो रेलवे स्टेशन के बीच सुबह करीब सवा नौ बजे वंदे भारत एक्सप्रेस ट्रेन अचानक रुक गई। इससे रेल प्रशासन में हड़कंप मच गया। अचानक इंजन में आई तकनीकी खामी आने के कारण ट्रेन बीच में रुक गई। ट्रेन के बीच रास्ते में रुकने की सूचना जैसे ही अधिकारियों को मिली। वैसे ही रेलवे के तकनीकी अधिकारी मौके पर पहुंच गए। लेकिन वे भी ट्रेन में आई तकनीकी खराबी को नहीं सुधार पाए।
इसके बाद एक इंजन भेजकर ट्रेन को वापस भरथना स्टेशन लाया गया। सराय भूपति स्टेशन पर खड़ी मालगाड़ी का इंजन लगाकर वंदे भारत ट्रेन को लूप लाइन पर लाकर मेन लाइन को क्लियर किया गया। इसके बाद करीब 12 बजे मेन लाइन शुरू हो सकी। इस बीच परेशान यात्रियों ने हंगामा करना शुरू कर दिया। रेलवे ने ताबड़तोड़ यात्रियों को नई दिल्ली-अयोध्या वंदे भारत और नई दिल्ली शताब्दी से कानपुर भेजा। इसके बाद यात्रियों को एक अन्य ट्रेन के माध्यम से बनारस ले जाया जाएगा। इस ट्रेन में लगभग 750 यात्री सफर कर रहे थे।
उत्तर मध्य रेलवे के प्रयागराज मंडल के रेलवे अधिकारियों का कहना है कि, सोमवार सुबह गाड़ी संख्या 22436 नई दिल्ली-वाराणसी वंदे भारत एक्सप्रेस के इंजन में तकनीकी खराबी आ गई थी। इसके बाद एक वहां इंजन पहुंचाया गया। इसकी मदद से वंदे भारत ट्रेन को भरथना स्टेशन पर लाया गया। यात्रियों को अलग-अलग ट्रेनों के जरिए पहले कानपुर रवाना किया गया। यात्रियों को कानपुर से वाराणसी भेजने के लिए एक विशेष गाड़ी को करीब पौने तीन बजे दोपहर इंतजाम किया गया। यह गाड़ी वंदे भारत के यात्रियों को लेकर वाराणसी के लिए रवाना हुई है।