रेल मंत्री ने संसद में एक सवाल के जवाब में कहा कि कुलियों को निःशुल्क यात्रा पास, निःशुल्क शिक्षा जैसी सुविधाएं दी गई हैं। उन्होंने कहा कि सहायकों (लाइसेंस प्राप्त कुली/कुली) को यात्रियों द्वारा सीधे देय कुली शुल्क पर यात्रियों का सामान ढोने का लाइसेंस दिया गया है।
लोकसभा में एक सवाल के जवाब में केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने बताया कि सरकार देश के विभिन्न स्टेशनों पर काम करने वाले कुलियों को यात्रा पास, रियायती टिकट, बच्चों के लिए मुफ्त शिक्षा और परिवार के सदस्यों के लिए चिकित्सा सुविधाएं प्रदान करती है। कांग्रेस सांसद मुरारी लाल मीणा के एक सवाल पर रेल मंत्री वैष्णव ने लिखित जवाब में कहा, कुलियों को विभिन्न सुविधाएं दी जा रही हैं। 'मानार्थ व्यवस्थापक' चेक पास का एक सेट दिया जाता है। खुद और जीवनसाथी की मुफ्त यात्रा (साल में एक बार) के लिए एक द्वितीय/स्लीपर श्रेणी के विशेषाधिकार टिकट के दो सेट दिए जाते हैं।
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कांग्रेस सांसद ने रेलवे से पूछे अहम सवाल
कांग्रेस सांसद मुरारी लाल मीना ने केंद्र सरकार से पूछा कि क्या सरकार कुलियों को न्यूनतम मजदूरी अधिनियम के तहत लाने की योजना बना रही है? कांग्रेस सांसद ने पूछा कि क्या उन्हें अन्य चीजों के अलावा प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना (आयुष्मान भारत) और अन्य सरकारी स्वास्थ्य योजनाओं के तहत कवर किया गया है।
स्कूलों में सहायकों के बच्चों के लिए मुफ्त शिक्षा सुविधाएं
कांग्रेस सांसद के सवालों पर वैष्णव ने कहा कि कुलियों को चेक पास, यात्रा टिकट के अलावा भी कई चीजें सरकार की तरफ से दी जा रही हैं। उन्होंने बताया कि रेलकर्मियों के संगठनों/महिला समितियों द्वारा संचालित स्कूलों में सहायकों के बच्चों के लिए मुफ्त शिक्षा सुविधाएं दी जाती हैं। अन्य चीजों के अलावा हर साल इन्हें वर्दी (तीन लाल शर्ट और एक ऊनी शर्ट) की आपूर्ति भी की जाती है।
अस्पतालों में इलाज से जुड़ी कैसी सुविधाएं
चिकित्सा के पहलू पर रेल मंत्री ने कहा, रेलवे कुलियों और उनके परिवार के सदस्यों को रेलवे अस्पताल/रेलवे स्वास्थ्य इकाइयों में इलाज की सुविधा मिलती है। सरकार के मुताबिक चिकित्सा सुविधा, रेलवे चिकित्सा नियमों में परिभाषित रेलवे कर्मचारियों और परिवार के सदस्यों के बराबर ही होती है। हालांकि, कुलियों को वर्तमान कार्यस्थल से बाहर भी अस्पताल की सुविधा मिलती है। अन्य रेलवे स्वास्थ्य इकाइयों/रेलवे अस्पतालों में रेफर करने पर भी इलाज कराया जा सकता है। हालांकि, रेलवे के सूचीबद्ध निजी अस्पतालों में इलाज की सुविधा फिलहाल नहीं है।
केंद्र सरकार की इन योजनाओं का भी लाभ ले सकते हैं
रेल मंत्री ने बताया कि सहायक के तौर पर काम कर रहे कर्मी, प्रधानमंत्री श्रम योगी मान-धन (पीएम-एसवाईएम), प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना (पीएम-एसबीवाई) और प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना (पीएम-जेजेबीवाई) जैसी योजनाओं का भी लाभ ले सकते हैं।