गुजरात के पोरबंदर में भारतीय तटरक्षक बल के क्षेत्रीय जिला हेडक्वार्टर ने एक ऑर्डर पास किया है। जिसके तहत उन कर्मियों को सब्सिडी वाली सस्ती शराब नहीं दी जाएगी जिनका वजन ज्यादा है। इस ऑर्डर का नाम है 'स्टॉपेज ऑफ लिक्वर इशू टू ओबेस और ओवरवेट पर्सनल'। यह नियम हेडक्वार्टर एक में काम करने वाले अफसरों और दुकानदारों पर लागू होगा।
इसपर दो कर्मियों ने पहचान न बताने की शर्त पर बताया कि शराब पर इस तरह के प्रतिबंध का उद्देश्य केवल कर्मियों को फिट करना है। उनके मोटापे को कम करने और रोकने के लिए ये उपाय निकाला गया है। क्योंकि शराब से मोटापा और भी ज्यादा बढ़ जाता है। बता दें गुजरात में पहले से ही शराबबंदी लागू है लेकिन यहां रक्षा कर्मी कैंटीन स्टोर डिपार्टमेंट से सस्ती शराब ले सकते हैं।
कमांडर और डिप्युटी इंस्पेक्टर जनरल आईएस चौहान द्वारा 30 अगस्त को साइन किए गए ऑर्डर के तहत तटरक्षक कर्मियों के लिए शराब पर तब तक प्रतिबंध रहेगा जब तक वह फिट नहीं हो जाते। ऑर्डर के मुताबिक जब कर्मियों का मोटापा कम होगा और वह पहले के मुकाबले अधिक फिट दिखेंगे तभी उनको शराब दी जाएगी।
इस फैसले पर एक सेवानिवृत अधिकारी का कहना है कि इस तरह के कदम ठीक नहीं हैं। वजन और फिटनेस को लेकर जो मानदंड निर्धारित किए गए हैं उनसे उनके काम पर भी प्रभाव पड़ेगा। इससे अच्छा तो उन्हें खेल, फिजिकल ट्रेनिंग और योगा जैसी गतिविधियों में हिस्सा लेने के लिए प्रेरित करना चाहिए था।