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Hemant Soren: राज्यसभा सांसद और उपमुख्यमंत्री भी रहे हैं हेमंत सोरेन, जानें तीसरी बार के सीएम का सियासी सफर

स्पेशल डेस्क, अमर उजाला Published by: शिवेंद्र तिवारी Updated Thu, 04 Jul 2024 05:30 PM IST

सार

Hemant Soren: हेमंत सोरेन गुरुवार को तीसरी बार झारखंड के मुख्यमंत्री बने हैं। 2009 के अंत में हुए विधानसभा चुनाव में वह दुमका सीट से पहली बार विधायक चुने गए थे। जुलाई 2013 में हेमंत ने पहली बार झारखंड के मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ली थी। 
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हेमंत सोरेन तीसरी बार बने झारखंड के मुख्यमंत्री - फोटो : AMAR UJALA
झारखंड में एक बार फिर नेतृत्व परिवर्तन हुआ है। हाल ही में जेल से रिहा हुए हेमंत सोरेन ने गुरुवार को तीसरी बार राज्य के सीएम पद की शपथ ली है। इससे पहले बुधवार को चंपई सोरेन ने झारखंड के मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा दिया था। इसके बाद चंपई सोरेन ने ही विधायक दल के नेता और राज्य के अगले मुख्यमंत्री के रूप में हेमंत सोरेन के नाम का प्रस्ताव रखा, जिसे सर्वसम्मति से पास कर दिया गया। इसके बाद हेमंत सोरेन ने सरकार बनाने का दावा पेश किया।

हेमंत सोरेन ने करीब पांच महीने बाद झारखंड की सत्ता संभाल ली है। सोरेन को 31 जनवरी को जमीन घोटाले से जुड़े धन शोधन के मामले में गिरफ्तार किया गया था जिसके बाद उन्होंने मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा दिया था। आइये जानते हैं हेमंत सोरेन और उनके सियासी सफर के बारे में...
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हेमंत सोरेन तीसरी बार बने झारखंड के मुख्यमंत्री - फोटो : AMAR UJALA
झारखंड में एक बार फिर नेतृत्व परिवर्तन हुआ है। हाल ही में जेल से रिहा हुए हेमंत सोरेन ने गुरुवार को तीसरी बार राज्य के सीएम पद की शपथ ली है। इससे पहले बुधवार को चंपई सोरेन ने झारखंड के मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा दिया था। इसके बाद चंपई सोरेन ने ही विधायक दल के नेता और राज्य के अगले मुख्यमंत्री के रूप में हेमंत सोरेन के नाम का प्रस्ताव रखा, जिसे सर्वसम्मति से पास कर दिया गया। इसके बाद हेमंत सोरेन ने सरकार बनाने का दावा पेश किया।

हेमंत सोरेन ने करीब पांच महीने बाद झारखंड की सत्ता संभाल ली है। सोरेन को 31 जनवरी को जमीन घोटाले से जुड़े धन शोधन के मामले में गिरफ्तार किया गया था जिसके बाद उन्होंने मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा दिया था। आइये जानते हैं हेमंत सोरेन और उनके सियासी सफर के बारे में...

हेमंत सोरेन - फोटो : PTI
कौन हैं हेमंत सोरेन
झारखंड मुक्ति मोर्चा के नेता हेमंत सोरेन तीसरी बार झारखंड के मुख्यमंत्री बने हैं। वे राज्य के तीन बार के सीएम शिबू सोरेन के बेटे हैं। हेमंत सोरेन के प्रारंभिक जीवन को देखें तो उनका जन्म 10 अगस्त 1975 को शिबू सोरेन और रूपी सोरेन के घर हुआ था। हेमंत ने 1990 में पटना के एमजी हाई स्कूल से मैट्रिक की पढ़ाई की। इसके बाद 1994 में पटना हाई स्कूल से इंटरमीडिएट की पढ़ाई पूरी की। उन्होंने रांची के बीआईटी (मेसरा) में मैकेनिकल इंजीनियरिंग में दाखिला लिया और लेकिन कुछ कारणों से पढ़ाई पूरा नहीं कर पाए। पढ़ाई के बाद हेमंत ने इंजीनियरिंग फर्मों के साथ काम किया। हेमंत की शादी कल्पना सोरेन से हुई है और उनके दो बेटे हैं।

झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन। - फोटो : amarujala.com
कैसे रहा हुआ हेमंत सोरेन का सियासी करियर
हेमंत सोरेन को राजनीति विरासत में मिली। उनके पिता शिबू सोरेन खुद तीन बार झारखंड के मुख्यमंत्री रहे। इसके अलावा हेमंत के बड़े भाई दिवंगत दुर्गा सोरेन भी विधायक थे। हेमंत ने 2005 में दुमका से स्टीफन मरांडी के खिलाफ अपना पहला चुनाव लड़ा, जिसमें वे हार गए। 

जून 2009 में वे राज्यसभा के सदस्य बने। हालांकि, 2009 के अंत में हुए विधानसभा चुनाव में वह दुमका सीट से विधायक चुने गए। विधायक चुने जाने के बाद हेमंत सोरेन ने राज्यसभा की सदस्यता छोड़ दी।

झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन (फाइल) - फोटो : एएनआई
झारखंड के उपमुख्यमंत्री रहे
अर्जुन मुंडा के तीसरे कार्यकाल में सितंबर 2010 से जनवरी 2013 तक हेमंत झारखंड के उपमुख्यमंत्री रहे। इसके बाद कांग्रेस और आरजेडी के समर्थन से हेमंत सोरेन झारखंड के मुख्यमंत्री बने। जुलाई 2013 में उन्होंने पहली बार झारखंड के मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ली। हेमंत का पहला कार्यकाल करीब 17 महीने का रहा। 

इसके बाद 2014 में हुए विधानसभा चुनाव में जेएमएम को हार झेलनी पड़ी और भाजपा को जीत मिली। हालांकि, सोरेन बरहेट सीट से जेएमएम के विधायक चुने गए। उन्होंने रघुबर दास सरकार के दौरान जनवरी 2015 से दिसंबर 2019 तक झारखंड विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष की जिम्मेदारी निभाई। 

हेमंत सोरेन को कथित जमीन घोटाले में मिली जमानत - फोटो : PTI
चुनौतियों वाला रहा दूसरा कार्यकाल 
झारखंड में पिछला विधानसभा चुनाव 2019 में हुआ था जिसमें हेमंत सोरेन की जेएमएम को जीत मिली। इस जीत के बाद जेएमएम ने कांग्रेस और राजद के साथ मिलकर राज्य में महागठबंधन की सरकार बनाई जिसके मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन बने। 29 दिसंबर 2019 को हेमंत सोरेन ने दूसरी बार झारखंड के मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ली।

हेमंत सोरेन का दूसरा कार्यकाल काफी चुनौतियों वाला रहा। 2022 में चुनाव आयोग ने झारखंड के तब के राज्यपाल रमेश बैस को एक याचिका पर अपनी राय भेजी थी जिसमें मांग की गई कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को खुद को एक खनन पट्टा देकर चुनावी कानून का उल्लंघन करने के लिए विधायक के रूप में अयोग्य ठहराया जाए।

हेमंत की मुश्किलें यहीं कम नहीं हुईं। 31 जनवरी 2024 को भूमि घोटाले के आरोपों के बाद प्रवर्तन निदेशालय ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी से ऐन पहले उन्होंने पद से त्यागपत्र दिया। हालांकि, पिछले महीने सोरेन को बड़ी राहत के रूप में जमानत मिल गई और 28 जून को उन्हें जेल से रिहा कर दिया गया। चंपई सोरेन ने 3 जुलाई 2024 को झारखंड के मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा दे दिया। अब 4 जुलाई को हेमंत सोरेन तीसरी बार झारखंड के मुख्यमंत्री बन गए हैं। 
 
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