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महाराष्ट्र: बाढ़ और भूस्खलन से 149 लोगों की मौत, सीएम ठाकरे ने लिया चिपलूण के बाढ़ग्रस्त क्षेत्रों का जायजा

Sun, 25 Jul 2021 03:45 PM IST
प्रशांत कुमार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुंबई

सार

महाराष्ट्र में भारी बारिश व बाढ़ से हालात बिगड़ते जा रहे हैं। बाढ़ व भूस्खलन से राज्य में अब तक 149 लोगों की मौत हो चुकी है और 64 लापता हैं। रायगढ़ जिले के तलिए गांव की स्थिति सबसे ज्यादा खराब है। यहां पर 44 शवों को बाहर निकाला जा चुका है। 
 
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महाराष्ट्र के सांगली जिले में कृष्णा नदी की बाढ़ के कारण कई जगहों पर 10 से 15 फीट तक पानी भर गया है। - फोटो : PTI
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विस्तार
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महाराष्ट्र में भारी बारिश व बाढ़ के कारण कई जिलों में हालात विकट हो गए हैं। रायगढ़, कोल्हापुर, सांगली, सतारा, रत्नागिरी और ठाणे में बाढ़ व भूस्खलन के कारण 149 लोगों की मौत हो चुकी है और 64 लापता हैं। सांगली में कृष्णा नदी की बाढ़ का पानी घुस गया है। सड़कों पर 10 से 15 फीट तक पानी भर गया है। मकानों की पहली मंजिल डूब गई है। सीएम उद्धव ठाकरे ने रत्नागिरी जिले के बाढ़ग्रस्त चिपलूण के हालात का जायजा लिया। 

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राज्य में बाढ़, भूस्खलन व अन्य वर्षाजन्य हादसों में मरने वालों की संख्या बढ़ती जा रही है। रविवार को सतारा व रायगढ़ जिलों से बाढ़ व भूस्खलन के कारण मारे गए 36 और लोगों के शव निकाले गए। इसके साथ ही मृतक संख्या बढ़कर 149 हो गई है। भारी वर्षा के कहर के बाद से अब तक हुए हादसों में 50 से ज्यादा लोग घायल हुए हैं। महाराष्ट्र में भारी बारिश से हालात बिगड़ते जा रहे हैं। राज्य में 100 से ज्यादा लोगों की जान जा चुकी है। एनडीआरएफ की 34 टीमें राहत और बचाव कार्यों में जुटी है। रायगढ़ जिले के तलिए गांव की स्थिति बेहद खराब है। 44 शवों को बाहर निकाला जा चुका है।

कहां कितनी मौतें
रायगढ़ 60
रत्नागिरि 21
सतारा  41
ठाणे   12
कोल्हापुर 07
मुंबई    04
सिंधुदुर्ग  02
पुणे     02

उद्धव का काफिला रोका
रविवार को सीएम ठाकरे ने चिपलुण का दौरा किया। रत्नागिरी जिले के इस कस्बे में बाढ़ के कारण गंभीर स्थिति बनी हुई है। दौरे के दौरान कुछ लोगों के समूह ने सीएम ठाकरे के  काफिले को रोक दिया और उन्हें बारिश के कारण उत्पन्न समस्याओं की जानकारी दी। ठाकरे ने लोगों, दुकानदारों व व्यवसायियों से चर्चा की और क्षेत्र के लिए हरसंभव मदद का वादा किया। ठाकरे ने कहा कि हालात से निपटने के लिए सरकार को केंद्रीय मदद की जरूरत  होगी। वे सोमवार का पश्चिम महाराष्ट्र जाएंगे और नुकसान की व्यापक रिपोर्ट तैयारी की जाएगी।
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केंद्रीय मंत्री राणे पहुंचे रायगढ़ के तलिए गांव
उधर केंद्रीय मंत्री नारायण राणे रायगढ़ के तलिए गांव पहुंचे। यहां गुरुवार को भारी भूस्खलन हुआ था। उन्होंने कहा कि पीएम नरेंद्र मोदी ने उन्हें बाढ़ के कारण हुए नुकसान की रिपोर्ट देने को कहा है। राणे ने कहा कि क्षतिग्रस्त मकानों को पीएम आवास योजना के तहत दोबारा बनाया जाएगा। उनके साथ पूर्व सीएम देवेंद्र फडणवीस व विधान परिषद में विपक्ष के नेता प्रवीण दरेकर भी मौजूद थे। 

केंद्र ने बनाया 'सेंट्रल वार रूम' 
उधर, केंद्र सरकार ने रक्षा मंत्रालय के सैन्य मामलों के विभाग में एक 'सेंट्रल वार रूम' बनाया है। यह बाढ़ग्रस्त महाराष्ट्र में सेना के तीनों अंगों द्वारा किए जा रहे राहत व बचाव कार्यों पर नजर रखेगा। 

सांगली जिले के कई गांव बाढ़ की चपेट
कृष्णा नदी के उफनने से महाराष्ट्र के सांगली जिले के कई गांव बाढ़ की चपेट में है। इलाके के लोग बाढ़ के पानी से पूरी तरह घिर चुके हैं। एनडीआरएफ की टीम स्थानीय लोगों की मदद से बचाने में जुटे हुए हैं। अभी तक आठ हजार से ज्यादा लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया है। एनडीआरएफ व एसडीआरएफ की टीमें बचाव व राहत कार्यों में जुटीं हैं। सांगली में सड़कों पर बोट चलाकर फंसे लोगों को निकाला जा रहा है। 
वालवा में कृष्णा की बाढ़ से डूबी बस्ती, सड़क पर दिखा मगरमच्छ
सांगली जिले की वालवा तहसील के रहवासी क्षेत्रों में कृष्णा नदी की बाढ़ का पानी घुस गया है। इस कारण कई मकान डूब गए। इलाके में भारी बारिश के कारण यह हालात बने हैं। उधर बाढ़ के कारण सांगली में एक सड़क पर मगरमच्छ दिखाई दिया। 
  आवश्यक सामग्री उपलब्ध कराने के निर्देश
राज्य में भारी बारिश और बाढ़ से हुए नुकसान को लेकर महाराष्ट्र मुख्यमंत्री कार्यालय ने ट्वीट किया। सीएमओ ने ट्वीट किया 'एक से दो दिनों में समीक्षा की जाएगी, लेकिन फिलहाल संबंधित जिला कलेक्टरों को बाढ़ पीड़ितों को भोजन, दवा, कपड़े और अन्य आवश्यक सामग्री मुहैया कराने के निर्देश दिए गए हैं।
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कोंकण रेल मार्ग शुरू
कोल्हापुर के कई हिस्सों में सड़कों पर पानी भर गया है। कोंकण रेल मार्ग फिर  से शुरू किया गया है। पटरियां पानी में डूबने की वजह से दो दिन तक इस पर ट्रेनों की आवाजाही बंद कर दी गई थी।

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