हाईकोर्ट की एक खंडपीठ ने बुधवार को हर्षवर्धन लोढा व अन्य लोगों की तरफ से दाखिल याचिकाओं को स्वीकार कर लिया। अब हाईकोर्ट इन याचिकाओं पर आज बहस करेगा। इन याचिकाओं में कोलकाता हाईकोर्ट की एकल पीठ के उस फैसले को चुनौती दी हुई है, जिसमें हर्ष लोढा को एमपी बिड़ला समूह की कंपनियों में कोई भी पद संभालने से रोक दिया गया था।
यह रोक प्रियमवदा देवी बिड़ला एस्टेट के उत्तराधिकारी का मुकदमा जारी रहने तक लगे रहने का निर्णय एकल पीठ ने दिया था। इस फैसले के खिलाफ हर्षवर्धन लोढा के अलावा एमपी बिड़ला ग्रुप की यूनिवर्सल केबल्स लिमिटेड, विंध्य टेलीलिंक्स लिमिटेड और बिड़ला केबल आदि की तरफ से हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस टीवीएन राधाकृष्णन और जस्टिस शंपा सरकार की खंडपीठ में याचिकाएं दाखिल की थीं।