प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी मंगलवार को गांधीनगर के अदलाज में नवनिर्मित मंदिर में माता अन्नपूर्णा के प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम में हिस्सा लेंगे। श्री अन्नपूर्णाधाम ट्रस्ट के पदाधिकारियों ने यह जानकारी दी। आयोजकों ने कहा कि प्रधानमंत्री आर्थिक रूप से कमजोर छात्रों के लिये मंदिर परिसर में 15 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले प्रशिक्षण सह छात्रावास के लिये आधारशिला भी रखेंगे।
न्यासियों ने बताया कि मंदिर के निर्माण में साढ़े पांच करोड़ रुपये की लागत आई है। ट्रस्ट में पाटीदार समुदाय के उपसमूह लेउवा पटेल शामिल हैं। मंदिर में प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम में प्रधानमंत्री के आने की जानकारी देते हुए राज्य के पूर्व उपमुख्यमंत्री और ट्रस्ट के प्रमुख नरहरी अमीन ने बताया कि कार्यक्रम में प्रधानमंत्री के अलावा राज्य के राज्यपाल ओपी कोहली, मध्यप्रदेश की राज्यपाल एवं गुजरात की पूर्व मुख्यमंत्री आनंदीबेन पटेल, मुख्यमंत्री विजय रुपाणी और उपमुख्यमंत्री नितिन पटेल भी शामिल होंगे।
अमीन ने कहा कि छात्रावास सह प्रशिक्षण केंद्र आर्थिक रूप से कमजोर विशेषकर ग्रामीण इलाकों से आने वाले छात्रों को प्रतियोगी परीक्षाओं के लिये मदद उपलब्ध कराएगा। इसमें 600 से अधिक छात्रों के लिये रहने की सुविधा होगी और अगले साल जून तक इसके बनकर तैयार होने की संभावना है।
उन्होंने कहा कि पाटीदार समुदाय से आने वाले छात्रों को प्राथमिकता दी जाएगी लेकिन अन्य समुदायों से आने वाले छात्र भी इसके लिये आवेदन कर सकते हैं। प्रतियोगी परीक्षा के लिये प्रशिक्षण भी मामूली शुल्क पर उपलब्ध कराया जाएगा। साथ ही अंतिम सूची के लिए छात्रों को छांटने की प्रक्रिया आगामी महीनों में न्यास तय करेगा।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शहर के बाहरी इलाके में 1,000 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले विश्व उमिया धाम के विशाल मंदिर परिसर के लिये चार मार्च को आधारशिला रखने वाले हैं। मंदिर पाटीदार समुदाय के उपसमूह कड़वा पटेल की कुलदेवी माता उमिया को समर्पित होगा। आयोजकों ने बताया कि मंदिर परिसर में एक कौशल विश्वविद्यालय, छात्रावास, परामर्श केंद्र और समुदाय के सदस्यों के बीच विवादों के समाधान के लिये एक केंद्र होगा।