गुजरात के वडोदरा में एक आईएएस अधिकारी को हाईकोर्ट के जज से लिखित में माफी मांगनी पड़ी है। वडोदरा नगर निगम (वीएमसी) के कमिश्नर विनोद राव पर आरोप है कि उन्होंने मामले की सुनवाई कर रहे जज को व्हाट्सएप पर मैसेज करके निवेदन किया था कि मामले की सुनवाई वीएमसी के पक्ष में होनी चाहिए।
केस की सुनवाई कर रहे जज आरएच शुक्ल ने कहा कि अब तक राव के खिलाफ न्यायलय की अवमानना के तहत कार्यवाही क्यों नहीं की गई? ऑनलाइन मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक राव ने जज को मैसेज करते हुए लिखा था कि वे केस पर फैसला कुछ लोगों के आधार पर नहीं बल्कि जन हित को ध्यान में रखते हुए लें।
राव ने इस पर माफीनामा लिखा और कहा कि माननीय जज को मैसेज भेजना ठीक नहीं था, मैं उनसे माफी मांगता हूं और दया की अपील करता हूं। बता दें कि कोर्ट जल्द ही इस केस की सुनवाई करेगा। वडोदरा रेलवे स्टेशन के पास कुछ बिल्डिंगों को हटाए जाने का मामला पहुंचा है।
नगर निगम का आरोप है कि मल्टी पार्किंग के लिए इन बिल्डिंगों का टूटना बेहद जरूरी है, लेकिन लोग इसका विरोध कर रहे हैं। वीएमसी की तरफ से कहा गया है कि जिला पंचायत से जुड़े लोग इसका विरोध कर रहे हैं, जबकि उनकी आर्थिक स्थिति काफी मजबूत है।