पिता ने बेटी को मारने से पहले क्यों सजाया था कमरा
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गुजरात के अमरेली जिले में आर्थिक संकट से परेशान एक व्यक्ति ने अपनी पांच साल की बेटी की कथित तौर पर हत्या कर दी और उसके शव को फ्रिज में रख दिया। इसके बाद उसने खुद भी फांसी लगाकर जान दे दी। पुलिस के मुताबिक, घटना के समय कमरे को गुब्बारों और मोमबत्तियों से सजाया गया था। बच्ची को सफेद कपड़े पहनाए गए थे और फ्रिज में उसके शव के पास कुशन भी रखे गए थे।
पिता ने बेटी की हत्या क्यों की?
पुलिस के मुताबिक, निर्माण स्थल पर सुपरवाइजर के तौर पर काम करने वाले 40 वर्षीय किशोर धनक ने बुधवार को अपनी बेटी हिमांशी की कथित तौर पर मुंह पर हाथ रखकर हत्या की। इसके बाद उसने शव को फ्रिज में रखा और खुद पंखे से फांसी लगा ली। पुलिस को कमरे से तीन सुसाइड नोट मिले। एक नोट में उसने बताया कि उसने निजी कर्ज लिया था और उस पैसे को निर्माण कार्य में लगाया था। उसके मुताबिक, उसे 7.25 लाख रुपये मिलने थे, लेकिन उसके कारोबारी साथियों ने पैसे नहीं दिए। उसके पास कोई रास्ता नहीं बचा था, इसलिए उसने बेटी के साथ आत्महत्या करने की बात लिखी।
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कमरे में क्यों सजाए गए थे गुब्बारे और मोमबत्तियां?
पुलिस के अनुसार, कमरे में गुब्बारे और मोमबत्तियां लगी थीं। बच्ची को सफेद कपड़े पहनाकर उसके सिर पर दुपट्टा रखा गया था। उसके होंठों पर तुलसी की पत्तियां भी रखी गई थीं। कमरे में पूजा भी की गई थी और वहां मूर्तियां तथा चॉकलेट रखी थीं। फ्रिज पर ‘हैप्पी बर्थडे हिमांशी’ लिखा एक कागज भी रखा था, जबकि उस दिन बच्ची का जन्मदिन नहीं था। पुलिस को ऐसा लगा कि पिता ने मौत से पहले बच्ची का जन्मदिन मनाने जैसी तैयारी की थी।
परिवार को घटना की जानकारी कैसे मिली?
मृतक की पत्नी मंजूबेन 14 सितंबर को अपने पिता के घर गई थीं। उन्होंने किशोर से फोन पर संपर्क करने की कोशिश की, लेकिन कोई जवाब नहीं मिला। इसके बाद बुधवार शाम उन्होंने अपने भाई को घर जाकर देखने के लिए भेजा। दरवाजा नहीं खुलने पर भाई ने उसे तोड़ा और अंदर किशोर को छत के पंखे से लटका पाया। पुलिस को सूचना मिलने के बाद बच्ची के शव को फ्रिज से बरामद किया गया। मामले में भारतीय न्याय संहिता की धारा 103(1) के तहत हत्या का केस दर्ज किया गया है और जांच जारी है।