नक्सलियों को कारतूस सप्लाई किए जाने का सनसनीखेज मामला सामने आने के बाद से रामपुर सीआरपीएफ सेंटर और मुरादाबाद पुलिस अफसरों के होश उड़ हुए हैं। सीआरपीएफ रामपुर, पुलिस लाइन मुरादाबाद, पीएसी, पुलिस अकादमी, पीटीसी और पीटीएस में शुक्रवार को अफसरों ने अपनी मौजूदगी में शस्त्रागारों में कारतूसों व हथियारों की गिनती कराई।
रामपुर स्थित सीआरपीएफ सेंटर ने सतर्कता की दृष्टि से बुलेट की गिनती शुरू कर दी है। यहां पर दिनभर अफसरों की मौजूदगी में बुलेट की गिनती का काम चला। देर शाम तक बुलेट की गिनती का काम जारी था। साथ ही इसके अलावा पूरे रिकार्ड भी चेक किए और मौजूद माल से उनका मिलान भी कराया गया। दोनों स्थानों पर अफसरों ने शस्त्रागारों के इंचार्जों से पिछले एक साल का पूरा रिकार्ड तलब किया है। पूछा गया कि कब, किसने और कितने कारतूस दागे हैं। आदेश मिलने के बाद इंचार्ज अपना रिकार्ड अपडेट करने में जुटे हैं। माना जा रहा है कि रिकार्ड दुरुस्त न मिलने पर कार्रवाई तय है।
गुरुवार को वाराणसी के कैंट स्टेशन पर जीआरपी ने चेकिंग के दौरान दो लोगों को इंसास, रायफल और एके-47 के करीब 1250 कारतूसों के जखीरे के साथ पकड़ा था। तस्करों ने कबूला था कि ये माल वो मुरादाबाद से लेकर बिहार जा रहे थे। कांवड़ यात्रा से चंद दिन पहले इतनी बड़ी तादाद में कारतूसों के मिलने से लखनऊ तक हड़कंप मच गया था। यूपी एटीएस और एसटीएफ ने वाराणसी पहुंचकर दोनों से पूछताछ की थी।
संदिग्धों पर है सीआरीपीएफ की नजर
इंसास और एके-47 रायफलों की मिली थी गोलियां
- फोटो : ब्यूरो/अमर उजाला
गुरुवार रात एसटीएफ दोनों अभियुक्तों को मुरादाबाद लेकर आई थी। यहां पुलिस लाइन, पीएसी, पुलिस अकादमी और पीटीएस और पीटीसी में बुलेट हैंडलर की पहचान को पुलिस परेड कराई थी। तस्करों के सामने से एक-एक सिपाही गुजारा गया। गुरुवार रात ही दोनों अभियुक्तों को लेकर टीम वापस वाराणसी चली गई। इसके बाद यहां पुलिस लाइन के अलावा पीएसी व ट्रेनिंग सेंटरों में अधिकारियों ने अपनी मौजूदगी में शस्त्रागारों में कारतूसों की गिनती कराई। यहां के पूरे रिकार्ड चेक किए गए।
वाराणसी में कारतूसों का जखीरा बरामद होने के बाद सीआरपीएफ प्रशासन अलर्ट हो गया है। अफसरों ने सीआरपीएफ सेंटर में सतर्कता और बढ़ा दी है। फिलहाल, यहां हड़कंप मचा हुआ है। नौ साल पूर्व हुए आतंकी हमले के बाद से सीआरपीएफ ग्रुप सेंटर पर सुरक्षा पहले से ही सघन है।
वाराणसी में गुरुवार को जीआरपी ने दो लोगों के कब्जे से बुलेट का जखीरा बरामद किया था। पुलिस ने उनके कब्जे से एके 47 व इंसास के 1250 कारतूस बरामद किए थे। भारी संख्या में कारतूस बरामद होने के बाद मुरादाबाद, रामपुर से लेकर लखनऊ हड़कंप मच गया था। पकड़े गए लोगों में सीआरपीएफ जवान के साथ ही उसके भतीजे का नाम सामने आने के बाद पुलिस ने पूछताछ शुरू कर दी है।
वहीं इस मामले में सीआरपीएफ प्रशासन भी सकते में आ गया है। आनन फानन में यहां पर तड़के से ही कारतूसों की गिनती शुरू कर दी गई। कारतूस की गिनती का काम देर शाम तक चला। इस दौरान सीआरपीएफ के आयुध भंडार के साथ ही कैंपस में सतर्कता और बढ़ा दी गई है। सीआरपीएफ प्रशासन पूरी तरह सतर्क है।