गोवावासियों ने दिवाली मनाने के लिए 'नरकासुर' के पुतले जलाए
- फोटो : social media
आज देशभर में प्रकाश और उत्साह का पर्व दीपावली मनाया जा रहा है। तटीय राज्य गोवा के लोगों ने दिवाली उत्सव की शुरुआत करने के लिए रविवार तड़के राक्षस 'नरकासुर' के विशाल पुतले जलाए। इस बीच, राज्य के मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत ने लोगों को शुभकामनाएं दीं और उनसे त्योहार मनाने के लिए स्थानीय उत्पाद खरीदने का आग्रह किया।
नरकासुर वध प्रतियोगिताओं का आयोजन
गोवा में नरकासुर के पुतले बनाने और उन्हें दिवाली पर जलाने की एक लंबी परंपरा है। स्थानीय लोग इस परंपरा को बुराई पर अच्छाई की जीत का प्रतीक मानते हैं। त्योहार मनाने के लिए राज्य में 'नरकासुर वध' प्रतियोगिताएं आयोजित की गईं।
बुराई पर अच्छाई की जीत का प्रतीक है परंपरा
पणजी स्थित इतिहासकार संजीव सरदेसाई ने कहा, 'यह बुराई पर अच्छाई की जीत का प्रतीक है। भगवान कृष्ण की वेशभूषा में एक कलाकार सुबह के समय नरकासुर का वध करता है। इस तरह हम दिवाली मनाते हैं।'
उन्होंने कहा, 'नरकासुर वध' करने की परंपरा राज्य में पुर्तगाली शासन के दौरान भी मौजूद थी, लेकिन धार्मिक स्वतंत्रता पर प्रतिबंध के कारण यह दबी रही। हालांकि, पुर्तगाली शासन से मुक्ति के बाद गोवा की युवा पीढ़ी इस परंपरा का पालन कर रही है। इसके साथ ही राज्य भर में लोग दिवाली मनाने के लिए अपने घरों के प्रवेश द्वार पर पारंपरिक 'आकाशकंदिल' (लालटेन) लगाते हैं।
सीएम ने दी शुभकामनाएं
सीएम सावंत ने त्योहार पर शुभकामनाएं दीं और कामना की कि दिवाली की रोशनी राज्य में एकता की भावना से लोगों के मन और हृदय को रोशन करे। अपने दिवाली संदेश में सीएम ने कहा, 'इस दिन की रोशनी हमें भगवान राम के उच्च आदर्शों की याद दिलाती है।'
इसके साथ ही सावंत ने कहा कि गोवा के लोग सुशासन की दिशा में आगे बढ़ चुके हैं। पीएम मोदी के 'वोकल फॉर लोकल' अभियान का उल्लेख करते हुए सीएम ने कहा कि हम त्योहार मनाने के लिए स्थानीय उत्पादों को खरीदने पर अधिक जोर दें।