पीएम मोदी के साथ फ्रांस के राष्ट्रपति एमानुएल मैक्रों
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भारत और फ्रांस के रिश्तों को और मजबूती देने के लिए वहां के राष्ट्रपति एमानुएल मैक्रों दिसंबर में भारत आएंगे। वह आठ दिसंबर से दस दिसंबर के बीच भारत में रहेंगे, छह महीने पहले राष्ट्रपति बनने के बाद मैक्रों पहली बार भारत आएंगे। वैसे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से इसी साल जुलाई में हुए जी-20 सम्मेलन में उनकी मुलाकात हो चुकी है।
मैक्रों को 9 दिसंबर को होने वाले इंटरनेशनल सोलर एलायंस (ISA) का चीफ गेस्ट बनाया जा सकता है। यह इवेंट पेरिस पर्यावरण समझौते पर अपनी प्रतिबद्धता दिखाने के लिए किया जा रहा है। ISA में सोलर पावर का इस्तेमाल कर रहे कुल 121 देश शामिल हैं।
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मैक्रों से पहले फ्रांस के पिछले राष्ट्रपति फ्रांस्वा ओलांद भारत आए थे, उन्हें 2016 की गणतंत्र दिवस परेड का चीफ गेस्ट बनाया गया था। मैक्रों भारत से पहले यूएस, ऑस्ट्रिया, बुल्गारिया, एस्टोनिया, ग्रीस, लक्समबर्ग, मोरक्को, रोमानिया, बेल्जियम, इटली, माली और तीन बार जर्मनी जा चुके हैं। एशिया में यह उनका पहला दौरा होगा।
मैक्रों के भारत दौरे पर रफाल विमान की सप्लाई पर बात हो सकती है, साथ ही जैतपुर साइट के लिए भारत फ्रांस से रिएक्टर खरीदने की बात कर सकता है।