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सुझाव: मनमोहन के बाद देवगौड़ा ने भी पीएम मोदी को भेजी चिट्ठी, कहा- सभी नागरिकों को मुफ्त लगे वैक्सीन

Mon, 26 Apr 2021 01:59 PM IST
Tanuja Yadav न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

देश में बढ़ते कोरोना संक्रमण को देखते हुए पूर्व प्रधानमंत्री एचडी देवगौड़ा ने प्रधानमंत्री मोदी को पत्र लिखकर कई सुझाव दिए हैं। उन्होंने सभी नागरिकों को मुफ्त में वैक्सीन देने की सलाह दी है।
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एचडी देवेगौड़ा (फाइल फोटो) - फोटो : PTI
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विस्तार
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देश में बढ़ते कोरोना वायरस के संक्रमित मामलों और होने वाली मौतों के बीच पूर्व प्रधानमंत्री एचडी देवगौड़ा ने संक्रमण पर लगाने लगाने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर कुछ सुझाव दिए हैं। एचडी देवगौड़ा ने पत्र में लिखा कि अगर केंद्र सरकार सभी नागरिकों को वैक्सीन की मुफ्त डोज दिलवाएगी तो यह एक अच्छा मानवीय संकेत होगा। 

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एचडी देवगौड़ा ने अपने पत्र की शुरुआत में बताया कि देश में इस समय कोरोना वायरस की खतरनाक लहर दौड़ रही है और कब्रिस्तान और शमशान के बाहर लंबी लाइनों में लोग खड़े दिखाई दे रहे हैं। उन्होंने बताया कि कर्नाटक में जब मामले बढ़ रहे थे तो उन्होंने मुख्यमंत्री बीएस येदियुरप्पा को 21 अप्रैल को पत्र लिखकर सुझाव दिए थे। आइए जानते हैं कि पूर्व पीएम ने अपने पत्र में क्या सुझाव दिए...



पूर्व पीएम एचडी देवगौड़ा ने दिए ये सुझाव

  • स्वास्थ्य प्रशासन और कोविड प्रबंधन का विकेंद्रीकरण कर देना चाहिए, जिला प्रशासन को मदद के लिए छोटे अनुबंधों पर मेडिकल पेशेवरों को नौकरी देने की जरूरत है। 
  • सभी जिला मुख्यालयों पर वॉर रूम बनाने की जरूरत है। निजी और सरकारी क्षेत्र में कोविड सेंटर और स्वास्थ्य केंद्रों को बढ़ाने की जरूरत है। 
  • इस समय गैर-शहरी इलाकों, तालुकाओं और गांव में कोविड प्रबंधन की तैयारी की जरूरत है। वैक्सीन को लेकर भ्रामक सूचनाओं को दूर करने की जरूरत।
  • चुने हुए जनप्रतिनिधियों को ये बात सुनिश्चित करने की जरूरत है कि उनकी विधानसभा में पर्याप्त वैक्सीन है या नहीं। 
  • देश के गरीब तबके को ध्यान में रखकर ही वैक्सीन की कीमत तय की जानी चाहिए। सभी नागरिकों को मुफ्त में वैक्सीन लगाई जाए, ये अच्छा मानवीय संकेत होगा।
  • टीका लगवाने आ रहे गरीब लोगों को आईडी कार्ड जैसी बाधाओं से मुक्त करना होगा। इंदरनेट ना होना और सरकारी वेबसाइट का ज्ञान ना होना, उनके वैक्सीनेशन पर असर ना डाले।
  • 12-15 साल के बच्चों के लिए वैक्सीनेशन ट्रायल होना चाहिए।
  • निजी क्षेत्र के स्वास्थ्य कर्मचारियों को भी स्वास्थ्य बीमा देना चाहिए। छोटे नर्सिंग होम और गैर शहरी इलाकों में क्लीनिक में काम करने वाले स्वास्थ्य कर्मियों को भी इसकी जरूरत है।
  • सरकारी क्षेत्र में काम कर रहीं गर्भवती महिलाओं को तीन महीने की छुट्टी देना चाहिए और साथ में वेतन में देना चाहिए। 
  • जिस कोरोना योद्धा ने इस जंग में अपनी जान गंवाई है, उनके परिवार में किसी एक को सरकारी नौकरी देनी चाहिए। 
  • अगले छह महीने के लिए बड़ी सामूहिक गतिविधियों पर रोक लगाने की जरूरत है। अगले छह महीने तक राज्यों में होने वाले उपचुनाव पर रोक लगा देनी चाहिए। 
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