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कुख्यात बैट के सैनिकों को मारकर सेना ने पाकिस्तान से कहा- अपने लोगों की लाश ले जाओ

न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नौगांव Published by: अजय सिंह Updated Mon, 31 Dec 2018 08:33 AM IST

सार

  • सीमा पर पाक की साजिश नाकाम।
  • भारतीय सेना पर बैट टीम द्वारा बड़े हमले की थी साजिश।
  • शहीद हेमराज का सिर भी इसी टीम ने काटा था।
  • इस टीम में सेना के साथ आतंकी भी शामिल होते हैं।
  • इन्हें क्रूरता की हद पार करने वाली ट्रेनिंग दी जाती है।
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पाकिस्तानी सैनिकों की साजिश नाकाम - फोटो : ANI

जम्मू-कश्मीर के नौगाम सेक्टर में नियंत्रण रेखा (एलओसी) के पास दो घुसपैठियों को ढेर कर भारतीय सेना ने सीमावर्ती चौकी को निशाना बनाने की बॉर्डर एक्शन टीम (बीएटी) की एक बड़ी कोशिश को नाकाम कर दिया। समझा जाता है कि मारे गए दोनों घुसपैठिये पाकिस्तानी सैनिक थे। 

सेना के प्रवक्ता ने कहा, ‘‘सेना ने नौगाम सेक्टर में रविवार को तड़के, सीमावर्ती चौकी को निशाना बनाने की बैट की कोशिश नाकाम कर दी।’’

उन्होंने बताया कि घुसपैठियों ने नियंत्रण रेखा के पास घने जंगलों का फायदा उठा कर भारतीय हिस्से में आने की कोशिश की। इस दौरान उन्हें पाकिस्तानी चौकियों से मोर्टार और रॉकेट लॉन्चर जैसे भारी हथियारों से कवरिंग फायर के जरिये मदद मिली। उन्होंने कहा, ‘‘नियंत्रण रेखा के पास तैनात सतर्क भारतीय सेना के सैनिकों ने इसे भांप लिया।’’ 



प्रवक्ता ने बताया कि पाकिस्तान की ओर से शुरू की गई गोलीबारी का भारतीय सेना ने मुंहतोड़ जवाब दिया गया और रात भर यह गोलीबारी चली। उन्होंने कहा, ‘‘हमारे सैनिकों ने स्थिति का पता लगाने के लिए घने जंगल में तलाश अभियान चलाया, जिसमें दो संभावित पाकिस्तानी सैनिकों के ढेर होने की पुष्टि की गई और हथियारों का जखीरा बरामद किया गया।’’ 

प्रवक्ता के अनुसार, इलाके की छानबीन अभी जारी है।  उन्होंने बताया कि पाकिस्तानी गोलीबारी, खराब मौसम और कम दृश्यता का फायदा उठा कर कुछ अन्य घुसपैठियों के सीमा पार भाग जाने की खबर भी है।

प्रवक्ता ने बताया ‘‘घुसपैठिये पाकिस्तानी सैनिकों की तरह वर्दी पहने हुए थे। उनके पास जो सामान था उसमें पाकिस्तान लिखा हुआ था। उनके पास आईईडी, अन्य विस्फोटक तथा हथियार थे।’’ 

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पाकिस्तानी सैनिकों की साजिश नाकाम - फोटो : ANI
जम्मू-कश्मीर के नौगाम सेक्टर में नियंत्रण रेखा (एलओसी) के पास दो घुसपैठियों को ढेर कर भारतीय सेना ने सीमावर्ती चौकी को निशाना बनाने की बॉर्डर एक्शन टीम (बीएटी) की एक बड़ी कोशिश को नाकाम कर दिया। समझा जाता है कि मारे गए दोनों घुसपैठिये पाकिस्तानी सैनिक थे। 

सेना के प्रवक्ता ने कहा, ‘‘सेना ने नौगाम सेक्टर में रविवार को तड़के, सीमावर्ती चौकी को निशाना बनाने की बैट की कोशिश नाकाम कर दी।’’

उन्होंने बताया कि घुसपैठियों ने नियंत्रण रेखा के पास घने जंगलों का फायदा उठा कर भारतीय हिस्से में आने की कोशिश की। इस दौरान उन्हें पाकिस्तानी चौकियों से मोर्टार और रॉकेट लॉन्चर जैसे भारी हथियारों से कवरिंग फायर के जरिये मदद मिली। उन्होंने कहा, ‘‘नियंत्रण रेखा के पास तैनात सतर्क भारतीय सेना के सैनिकों ने इसे भांप लिया।’’ 

प्रवक्ता ने बताया कि पाकिस्तान की ओर से शुरू की गई गोलीबारी का भारतीय सेना ने मुंहतोड़ जवाब दिया गया और रात भर यह गोलीबारी चली। उन्होंने कहा, ‘‘हमारे सैनिकों ने स्थिति का पता लगाने के लिए घने जंगल में तलाश अभियान चलाया, जिसमें दो संभावित पाकिस्तानी सैनिकों के ढेर होने की पुष्टि की गई और हथियारों का जखीरा बरामद किया गया।’’ 

प्रवक्ता के अनुसार, इलाके की छानबीन अभी जारी है।  उन्होंने बताया कि पाकिस्तानी गोलीबारी, खराब मौसम और कम दृश्यता का फायदा उठा कर कुछ अन्य घुसपैठियों के सीमा पार भाग जाने की खबर भी है।

प्रवक्ता ने बताया ‘‘घुसपैठिये पाकिस्तानी सैनिकों की तरह वर्दी पहने हुए थे। उनके पास जो सामान था उसमें पाकिस्तान लिखा हुआ था। उनके पास आईईडी, अन्य विस्फोटक तथा हथियार थे।’’ 

क्या है बैट?

क्या है बैट?

- बैट पाकिस्तान की स्पेशल फोर्स से लिए गए सैनिकों का एक ग्रुप है। जिसे एलओसी में 1 से 3 किलोमीटर तक अंदर घुसकर हमला करने के लिए तैयार किया गया है।

- इसे स्पेशल सर्विस ग्रुप यानी एसएसजी ने तैयार किया है। 

- पहले ये टीम खुफिया तौर पर बड़े ऑपरेशनों को अंजाम देती थी लेकिन मीडिया के कारण यह खबरों में आने लगी।

- इस टीम में सेना के कमांडो के साथ ही आतंकवादी भी शामिल होते हैं।

- इस टीम में शामिल लोगों की ट्रेनिंग इस तरह की होती है कि वो ऑपरेशन के वक्त क्रूरता की सारी हदें पार कर जाते हैं।

- स्पेशल ग्रुप के साथ काम करने वाली ये टीम युद्ध के नियमों का उल्लंघन करने से भी नहीं कतराती क्योंकि इसमें आतंकी शामिल होते हैं। इसमें आतंकियों को इसलिए शामिल किया जाता है ताकि पकड़े जाने पर सेना पर कोई आंच न आए।

- घुसपैठ कराने के लिए पाकिस्तानी सेना टीम को कवर फायर देती है ताकि गोलीबारी की आड़ में आतंकवादी और यह टीम घुसपैठ करने में सफल हो सके।

- भारत के ब्लैट कैट कमांडो की तरह इन्हें ट्रेनिंग दी जाती है। शहीद हेमराज का सिर काटने का आरोप भी इसी टीम पर है।  
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