कोरोना वायरस को फैलने से रोकने के लिए दुनियाभर में लगी यात्रा पाबंदियों के कारण अमेरिका से 225 भारतीयों को भारत लाया गया है। विदेश मंत्री एस जयशंकर ने कहा कि अमेरिका से पहली एयर इंडिया की विशेष उड़ान 225 भारतीयों को सैन फ्रांसिस्को से मुंबई लेकर पहुंची है। मिशन वंदे भारत के तहत विदेश में फंसे भारतीयों को वापस लाया जा रहा है।
इससे पहले शनिवार देर रात ब्रिटेन में फंसे 326 भारतीय नागरिकों का पहला समूह लंदन से मुंबई पहुंचा। एयर इंडिया का बोइंग 777 विमान शनिवार को लंदन से रवाना हुआ और 326 भारतीयों को लेकर देर रात करीब डेढ़ बजे मुंबई के छत्रपति शिवाजी महाराज अंतरराष्ट्रीय हवाईअड्डे (सीएसएमआईए) पर उतरा।
विमान में सवार एक यात्री ने ट्वीट किया कि पहला विमान मुंबई उतरा और क्रू सदस्यों का यात्रियों के साथ बहुत कम संपर्क रहा। सीट पर पहले ही रखे नाश्ते और भोजन के साथ रक्षात्मक किट भी दी गई। अब पृथकवास का वक्त है।
एक अन्य यात्री ने ट्वीट किया कि ब्रिटेन से सुरक्षित मुंबई पहुंच गया। एयर इंडिया, लंदन में भारतीय उच्चायोग, नेशनल इंडियन स्टूडेंट्स एंड एलुमनी यूनियन ब्रिटेन और भारत के विदेश मंत्रालय का बहुत-बहुत शुक्रिया।
हवाईअड्डे के अधिकारियों ने शनिवार को एक बयान में बताया कि यहां पहुंच रहे जिन यात्रियों में बीमारी के लक्षण होंगे, उन्हें पृथक केंद्र ले जाया जाएगा। बयान में बताया गया है कि मुंबई में रहने वाले उन यात्रियों को होटलों जैसे पृथक केंद्रों में ले जाया जाएगा जिनमें बीमारी के लक्षण नहीं दिख रहे हैं, जबकि शहर के बाहर के लोगों को उनके जिला मुख्यालयों तक ले जाने की व्यवस्था की जाएगी।
अमेरिका में फंसे 118 लोग हैदराबाद पहुंचे
कोरोना वायरस की रोकथाम के लिए जारी लॉकडाउन के कारण अमेरिका में फंसे भारत के 118 लोगों को केंद्र सरकार के ‘वंदे भारत मिशन’ के तहत सोमवार को हैदराबाद के राजीव गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर लाया गया। हवाई अड्डा सूत्रों ने बताया कि एयर इंडिया की उड़ान संख्या एआई 1617 से इन यात्रियों को अमेरिका के सैन फ्रांसिस्को से मुंबई होकर यहां लाया गया ।
उन्होंने बताया कि संयुक्त अरब अमीरात के अबुधाबी से भारतीयों का एक और जत्था आज रात यहां आएगा। ये यात्री एयर इंडिया की उड़ान संख्या एआई 1920 से यहां आएंगे जिसके सोमवार रात साढ़े नौ बजे यहां पहुंचने की संभावना है।
सूत्रों ने बताया कि हवाई अड्डे के रास्तों को सैनिटाइज किया गया है और सामाजिक मेल जोल से दूरी बनाए रखने के नियमों के पालन की भी व्यवस्था की गई । उन्होंने बताया कि यात्रियों और चालक दल के सदस्यों को एक बार में 20 से 25 की संख्या में विमान से बाहर निकाला गया।