दिल्ली की सीमाओं पर चल रहे किसान आंदोलन में मंगलवार को देशभक्ति का नजारा देखने को मिलेगा। आंदोलन में जहां अब तक मंच से नारेबाजी और सरकार के खिलाफ भाषण गूंजते थे, वहीं कल इन्हीं मंचों से देशभक्ति के तराने सुनाई देंगे। देशभर से आए किसान धरना स्थलों पर मंगलवार को शहीदी दिवस मनाएंगे। इस दौरान किसान संगठन शहीदे आजम भगत सिंह, राजगुरु और सुखदेव के बलिदान को याद करेंगे। इस दिन सभी धरनास्थलों युवा प्रेस कांफ्रेंस करेंगे और मंच का संचालन भी संभालेंगे।
26 मार्च को किसान संगठनों ने भारत बंद बुलाया हैं। इस बंद को कई सामाजिक संगठनों का भी समर्थन मिल रहा हैं। राष्ट्रीय स्तर के संगठनों के बाद अब राज्यवार संगठनों से भी समर्थन मांगा जा रहा है। किसान संगठनों का कहना है कि भारत बंद के लिए सभी के पास जाकर समर्थन मांगा जा रहा है। इसके साथ ही अपील की जा रही है कि बंद शांतिपूर्ण तरीके से होगा। इसमें किसी तरह से कोई माहौल बिगाड़ने का प्रयास करेगा तो उसे किसान खुद ही पुलिस के हवाले कर देंगे।
बंद के दौरान दिल्ली के अंदर भी आपातकालीन सेवाओं को छोड़कर सब कुछ बंद रहेगा। भारी विरोध के बाद गेहूं की खरीद से संबंधी नए नियमों को सरकार ने वापस ले लिया है। अब गेहूं की खरीद वर्ष 2020-21 में हुई खरीद के अनुसार ही होगी। यह हमारी जीत है और इसके लिए सभी आंदोलनकारी बधाई के पात्र हैं।