गोवा के मुख्यमंत्री मनोहर परिकर ने शुक्रवार को कांग्रेस महासचिव दिग्विजय सिंह पर चुटकी ली थी। इसके जवाब में दिग्विजय सिंह ने शनिवार की सुबह एक के बाद एक चार ट्वीट किए।
दिग्विजय सिंह ने लिखा, मनोहर परिकर ने गोवा में सरकार बनाने पर मुझे धन्यवाद दिया। यदि उन्हें किसी को धन्यवाद देना है तो नितिन गडकरी को दें, जिन्होंने 12 मार्च की सुबह गोवा के होटल में विधायकों को खरीदा।
If he has to thank anyone it is Nitin Gadkari who did aggressive MLA Shopping on 12th March early morning from Hotel in Goa
— digvijaya singh (@digvijaya_28) April 1, 2017
एक दूसरे ट्वीट में उन्होंने लिखा, उन्हें गोवा के गवर्नर को भी धन्यवाद देना चाहिए, संविधान सरकार आयोग के दिशानिर्देश और सर्वोच्च न्यायालय के फैसले का उल्लंघन किया और गोवा के लोगों के जनादेश को लूट लिया।
And Governor Goa who violated Constitution Sarkaria Commission guideline & Supreme Court decisions and robbed the mandate of People of Goa
— digvijaya singh (@digvijaya_28) April 1, 2017
एक अन्य ट्वीट में उन्होंने लिखा, परिकर आपके शक्ति की भूख पर शर्म आनी चाहिए। आपने गोवा के लोगों के साथ धोखा किया है। माफी मांगनी चाहिए।
Shame on you Mr Parrikar and your hunger for Power. You have cheated the People of Goa. Apologise to them.
— digvijaya singh (@digvijaya_28) April 1, 2017
बताते चलें कि परिकर ने गोवा में भाजपा की सरकार बनने के लिए दिग्विजय को शुक्रिया करते हुए कहा कि दिग्विजय गोवा में घूम रहे थे और हमने 48 घंटों के अंदर ही वहां सरकार बना ली। उन्होंने आगे बताया कि 'कांग्रेस पार्टी के विधायकों को ही उनपर भरोसा नहीं था। जिसके बाद हमने छोटी पार्टियों से मिलकर सरकार बना ली।'
परिकर मुख्यमंत्री बनने के बाद पहली बार राज्यसभा पहुंचे थे। जब वह बोलने के लिए खड़े हुए तो कांग्रेस ने हंगामा खड़ा कर दिया। कांग्रेस गोवा में भाजपा की सरकार बनने के बाद से भड़की हुई है।
दिग्विजय कांग्रेस गोवा के प्रभारी हैं। उनपर पार्टी विधायकों द्वारा आरोप लगे हैं कि उन्होंने गोवा में सरकार निर्माण में दिलचस्पी नहीं दिखाई इसलिए वह सत्ता से दूर रही। इससे पहले कांग्रेस ने भाजपा पर लोकतंत्र की हत्या के आरोप लगाए थे। जिसके जवाब में परिकर ने इन सभी आरोपों को खारिज किया।
बता दें कि कांग्रेस में गोवा में सरकार बनाने के लिए कांग्रेस की ओर से दिग्विजय सिंह को जिम्मेदारी सौंपी गई थी, तो वहीं नितिन गड़करी को भाजपा की तरफ से सरकार बनाने के लिए गोवा भेजा गया। जिसके बाद गड़करी ने क्षेत्रीय पार्टियों के साथ मिलकर बहुमत के लिए प्राप्त समर्थन हासिल कर लिया।