पिछले महीने से पूर्व महानिदेशक राकेश पाल के निधन के बाद से महानिदेशक के रूप में काम कर रहे डीजी एस परमेश ने आज भारतीय तटरक्षक बल के नए प्रमुख के तौर पर पद संभाल लिया है। उन्होंने पिछले तीन दशकों में संगठन में कई पदों पर रहते हुए शानदार सेवा की है। फ्लैग ऑफिसर नेशनल डिफेंस कॉलेज, नई दिल्ली और डिफेंस सर्विसेज स्टाफ कॉलेज, वेलिंगटन के पूर्व छात्र का पेशेवर इतिहास उपलब्धियों से भरा हुआ है और उन्होंने अपने सभी कामों में उत्कृष्ट और सराहनीय प्रदर्शन का ट्रैक रिकॉर्ड बनाया है। आज नई जिम्मेदारी संभालने से पहले उन्हें गॉर्ड ऑफ ऑनर दिया गया।
इसे पूरी क्षमता से निभाना चाहता हूं- एस परमेश
वहीं नए पद को संभालने के दौरान भारतीय तटरक्षक बल के प्रमुख महानिदेशक एस परमेश ने कहा, भारतीय तटरक्षक बल के महानिदेशक का पदभार संभालना मेरे लिए सम्मान की बात है। यह एक सम्माननीय जिम्मेदारी है, जिसे मैं अपनी पूरी क्षमता से निभाना चाहता हूं। मैं भारतीय तटरक्षक बल के समग्र विकास और प्रगति के लिए एक समावेशी दृष्टिकोण अपनाने का इरादा रखता हूं। मैं तटरक्षक बल को सभी मोर्चों पर आगे बढ़ाने के लिए तीन प्रमुख स्तंभों ईमानदारी, पारदर्शिता और निष्पक्षता को अपनाना चाहता हूं।
उन्होंने आगे कहा कि मेरी प्राथमिकता समुद्री क्षेत्र में, भारतीय नौसेना और समुद्री पुलिस के साथ घनिष्ठ सहयोग और सहकारिता मेरे लिए अनिवार्य होगी, ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि समुद्री सुरक्षा की सभी परिसंपत्तियों पर अच्छी तरह ध्यान दिया जाए।
डीजी एस परमेश की विशेषज्ञता
बता दें कि फ्लैग ऑफिसर नेविगेशन और डायरेक्शन में विशेषज्ञ हैं और एस परमेश की समुद्री कमान में आईसीजी के सभी प्रमुख पोत शामिल हैं, जिनमें एडवांस्ड ऑफशोर पेट्रोल वेसल समर और ऑफशोर पेट्रोल वेसल विश्वस्त शामिल हैं। उनके प्रमुख स्टाफ असाइनमेंट में उप महानिदेशक (संचालन और तटीय सुरक्षा), तटरक्षक मुख्यालय, नई दिल्ली में प्रधान निदेशक (संचालन) और तटरक्षक क्षेत्रीय मुख्यालय (पूर्व), चेन्नई में मुख्य स्टाफ अधिकारी (संचालन) शामिल हैं।
राष्ट्रपति के तटरक्षक पदक से भी हैं सम्मानित
जबकि अतिरिक्त महानिदेशक तटरक्षक का पद संभालने से पहले फ्लैग ऑफिसर 23 जुलाई, 2018 से 7 अगस्त, 2023 तक तटरक्षक क्षेत्र (पूर्व) और तटरक्षक क्षेत्र (पश्चिम) और तटरक्षक कमांडर (पूर्वी समुद्र तट) के पद पर थे। फ्लैग ऑफिसर विशिष्ट सेवा के लिए राष्ट्रपति के तटरक्षक पदक, तटरक्षक पदक के प्राप्तकर्ता हैं और उन्हें 2012 में महानिदेशक तटरक्षक प्रशस्ति और 2009 में एफओसीआईएनसी (पूर्व) प्रशस्ति से भी सम्मानित किया गया था।