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Delhi AQI: दमघोंटू प्रदूषण के बीच लगाएं ये 10 प्यूरीफायर तो मिलेगी राहत, बस एक हजार में बिना बिजली से तैयार

डिजिटल ब्यूरो, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: राहुल संपाल Updated Mon, 18 Nov 2024 02:45 PM IST

सार

खराब हवा में सांस लेना कई बार सिगरेट पीने से भी ज्यादा खतरनाक हो सकता है। इसमें कई तरह के केमिकल्स, पार्टिकल्स और कार्सिनोजेन मिले होते हैं। प्रसिद्ध जर्नल बीएमजे में प्रकाशित एक शोध के मुताबिक, भारत में हर साल एयर पॉल्यूशन के कारण 21 लाख से अधिक लोगों की मौत हो जाती है।
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वायु प्रदूषण - फोटो : अमर उजाला


स्वास्थ्य विशेषज्ञ डॉ.अंशुमान कुमार कहते है कि, प्रभावित क्षेत्रों में रहने वाले अपने इलाके में प्रतिदिन एयर पॉल्यूशन के पूर्वानुमान देखें। गूगल पर सिर्फ एक्यूआई और अपने शहर का नाम लिखने से वहां की एयर क्वालिटी का ताजा अपडेट मिल जाता है। अगर पॉल्यूशन का लेवल अधिक है तो बाहर यानी खुली हवा में एक्सरसाइज करने से बचें। जब हवा खराब हो तो वर्कआउट घर के अंदर ही करें।अगर पॉल्यूशन ज्यादा है तो अपने बच्चों को ज्यादा बाहर खेलने न दें। बहुत अधिक ट्रैफिक वाले इलाके में जाना अवॉइड करें। वहां एयर पॉल्यूशन आमतौर पर अधिक होता है। घर से बाहर निकलने पर मास्क का प्रयोग कर सकते हैं। इससे हवा छनकर आप तक पहुंचेगी।


डॉ.अंशुमान कहते है कि, इन दिनों आम लोग अपने भोजन में ज्यादा-से-ज्यादा विटामिन सी से भरपूर फल और सब्जियां शामिल करें। सब्जियों में धनिया के पत्ते, चौलाई का साग, ड्रमस्टिक, गोभी और शलगम का साग शामिल करें। ये विटामिन सी के अच्छे सोर्स हैं। सर्दियों में विटामिन सी के लिए आंवला, संतरा जैसे फल शामिल किए जा सकते हैं। इसके अलावा विटामिन ई और ओमेगा-3 फैटी एसिड से भरपूर बादाम भी डाइट में शामिल किए जा सकते हैं। इस दौरान ज्यादा-से-ज्यादा पानी पीते रहें। इससे शरीर के टॉक्सिन्स को बाहर निकालने में मदद मिलती है।


हर कोई लगा सकता है इन प्यूरीफायर को

डॉ. अंशुमान कहते है कि, एयर प्यूरीफायर बहुत महंगे होते हैं और बहुत सारे लोग इसे खरीद नहीं सकते है। लेकिन आम आदमी अपने घर में कुछ चुनिंदा पौधे के जरिए अपने घर में सबसे सस्ता एयर प्यूरीफायर तैयार कर सकते है। इसके लिए आम आदमी को केवल एक गमला, मिट्टी, स्नेक प्लांट या रबर प्लांट के एक हिस्से की ही आवश्यकता है। आम लोग अपने घरों में स्पाइडर प्लांट, ड्रासीनिया, रबर प्लांट, पीस लिली, एलोवेरा, मनी प्लांट, स्नेक प्लांट,पाइन प्लांट, एरिका पाम और इंग्लिश आइवी लगा सकते है। यह पौधे घर की हवा को साफ करने में मददगार साबित होते हैं। जर्नल फ्रंटियर्स इन मॉलिक्यूलर मेडिसिन में छपी एक रिसर्च भी कहती है कि पौधे कार्बन डाइऑक्साइड से ऑक्सीजन तो बनाते ही हैं, ये हवा के दूसरे टॉक्सिन्स को भी एब्जॉर्ब करते हैं। लेकिन घर में हर तरह के पौधे तो उग नहीं सकते। इसलिए आपको इंडोर प्लांट्स लगाने चाहिए


खराब हवा मतलब आप पी रहे 27 सिगरेट रोज

खराब हवा में सांस लेना कई बार सिगरेट पीने से भी ज्यादा खतरनाक हो सकता है। इसमें कई तरह के केमिकल्स, पार्टिकल्स और कार्सिनोजेन मिले होते हैं। प्रसिद्ध जर्नल बीएमजे में प्रकाशित एक शोध के मुताबिक, भारत में हर साल एयर पॉल्यूशन के कारण 21 लाख से अधिक लोगों की मौत हो जाती है। साल 2023 में लगभग 21 लाख 80 हजार लोगों की मौत हो गई थी। इस मामले में भारत चीन के बाद दूसरे नंबर पर है, जहां वायु प्रदूषण से हर साल 23 लाख से अधिक लोगों की मौत हो जाती है। अगर कोई व्यक्ति 64 एक्यूआई लेवल पर 24 घंटे तक सांस ले रहा है तो यह दिन भर में एक सिगरेट पीने जैसा है। जबकि आमतौर पर इस एयर क्वालिटी को बुरा नहीं माना जाता है, यह स्वीकार्य है। अब जरा यह सोचिए कि अगर दिल्ली जैसे शहरों में एक्यूआई लेवल 400 से ऊपर पहुंच गया है तो यह रोज 27 सिगरेट पीने के बराबर है।

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