सेना में अग्निवीर भर्ती के लिए शुरू हुई योजना पर उठ रही आशंकाओं देखते हुए रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा इस योजना की खामियों की समीक्षा की जाएगी और उन्हें दूर किया जाएगा।
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने तीनों सेनाओं में जवानों की भर्ती की नई योजना अग्निपथ पथ को लेकर उठ रही आशंकाओं को बेवजह करार देते हुए शनिवार को कहा कि इस योजना की नियमित रूप से समीक्षा की जाएगी और खामियों को समय-समय पर दूर किया जाएगा। रक्षा मंत्री ने कहा कि इस योजना को मुख्य हितधारकों से दो साल तक मंथन के बाद अंतिम रूप दिया गया है। उन्होंने इस योजना को ‘परिवर्तनकारी’ करार दिया।
देश के कई हिस्सों में हिंसक प्रदर्शन हुए
इस योजना के खिलाफ देश के कई हिस्सों में हिंसक प्रदर्शन हुए थे क्योंकि योजना के तहत भर्ती 75 प्रतिशत युवकों के लिए रोजगार गांरटी नहीं है। राजनाथ सिंह ने एक टीवी चैनल के कार्यक्रम में कहा, ‘‘योजना को लागू करने दीजिए। हम हर साल इसकी समीक्षा करेंगे और अगर कोई खामी या चुनौती आएगी तो हम उन्हें दूर करने की कोशिश करेंगे। यह हमारी सरकार का वादा है।’’ उन्होंने कहा कि यह सशस्त्र बलों में भर्ती की प्रक्रिया में क्रांतिकारी बदलाव होगा।
‘अग्निवीर’ के तौर पर भर्ती 75 प्रतिशत युवकों की सेवा चार साल में समाप्त होने का संदर्भ देते हुए सिंह ने कहा कि सरकार ने उनके लिए कुछ योजना बनाई है। उन्होंने कहा, ‘‘जब भी कोई योजना आती है तो लोगों के दिमाग में उनके प्रति कुछ आशंकाएं होती हैं।’’ सिंह ने कहा, ‘‘मैं नहीं कह रहा कि कोई आशंका नहीं होनी चाहिए...लेकिन हम इन सभी आशंकाओं पर चर्चा करने को तैयार हैं और अगर कोई चुनौती आती है तो हम उसका समाधान करेंगे।’’