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CoWIN: कोविन एप का डाटा लीक मामले में बिहार से एक गिरफ्तार, एक नाबालिग भी हिरासत में

Thu, 22 Jun 2023 01:47 PM IST
नितिन गौतम न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

सरकार ने कहा था कि कोविन पोर्टल पूरी तरह से सुरक्षित है। हालांकि सरकार ने डाटा लीक के आरोपों के बीच देश की नोडल साइबर सिक्योरिटी एजेंसी CERT-In को मामले की समीक्षा के आदेश दिए थे। 
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कोविन एप - फोटो : social media
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विस्तार
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कोरोना वैक्सीन के रजिस्ट्रेशन के लिए बनाई गई कोविन एप से लोगों का निजी डाटा लीक होने के मामले में दो आरोपियों को पकड़ा गया है। आरोप है कि ये दोनों लोग कोविन एप का डाटा लीक करने में शामिल हैं। पकड़े गए लोगों में एक नाबालिग शामिल है। अधिकारियों का कहना है कि आरोपियों ने कोविन एप का डाटा लीक करने के लिए टेलीग्राम एप का इस्तेमाल किया। 

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सरकार ने डाटा लीक के दावे को बताया था आधारहीन
बता दें कि विपक्षी पार्टियों ने आरोप लगाया था कि कोविन एप से लोगों का निजी डाटा लीक हुआ है। विपक्ष ने इसे लेकर सरकार को घेरा था और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की थी। हालांकि सरकार ने लोगों का निजी डाटा लीक होने की बात को शरारतपूर्ण और आधारहीन बताया था। सरकार ने कहा था कि कोविन पोर्टल पूरी तरह से सुरक्षित है। हालांकि सरकार ने डाटा लीक के आरोपों के बीच देश की नोडल साइबर सिक्योरिटी एजेंसी CERT-In को मामले की समीक्षा के आदेश दिए थे। 

सुरक्षा इंतजामों की समीक्षा कर रही सरकार
शुरुआती जांच में पता चला है कि टेलीग्राम बोट का बैकएंड डाटाबेस, जो कथित लीक का केंद्र था, वह कोविन डाटाबेस के एपीआई से डायरेक्ट एक्सेस नहीं था। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने बयान में कहा है कि कोविन एप के सुरक्षा इंतजामों की समीक्षा के लिए आंतरिक जांच शुरू कर दी गई है। बता दें कि कोविन एप पर कोरोना वैक्सीन ले चुके लोगों का डाटा मौजूद है। 
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ये भी पढ़ें- CoWIN: कोविन पोर्टल का डाटा लीक! इसमें फोन नंबर-आधार जैसी जानकारी शामिल; सरकार ने खंडन करते हुए कही ये बात
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बता दें कि बीते दिनों विपक्ष ने आरोप लगाए थे कि कोविन एप पर भारतीय नागरिकों का निजी डाटा लीक हो गया है। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, जो डाटा लीक हुआ है, उनमें लोगों के आधार कार्ड नंबर, पैन कार्ड की डिटेल्स, फोन नंबर, जन्म तिथि जैसी जानकारियां शामिल हैं। जिन लोगों के डाटा लीक हुए, उनमें कई विपक्षी नेताओं के नाम शामिल हैं। 

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