केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने भारतीय नागरिकों को चीन जाने से बचने की एडवाइजरी जारी की है। साथ ही सरकार ने कहा है कि जो भी व्यक्ति 15 जनवरी 2020 से चीन गया है, उसके साथ यात्रा करने से भी बचा जाए। केंद्र सरकार ने कहा है कि चीनी नागरिकों के लिए फिलहाल ई वीजा सुविधा रोक दी गई है। इसके अलावा हले से जारी ई वीजा और आवेदनों को भी निलंबित कर दिया गया है।
कोरोनावायरस संक्रमण को रोकने के लिए तैयारियों की समीक्षा, निगरानी और मूल्यांकन करने के लिए गठित मंत्रियों के समूह ने सोमवार को अपनी पहली बैठक की। इस बैठक में केंद्रीय मंत्री हर्षवर्धन, हरदीप पुरी, एस जयशंकर, जी किशन रेड्डी, अश्विनी कुमार चौबे और मनसुख लाल मंडाविया शामिल हुए।
स्वास्थ्य मंत्रालय ने कहा कि इस बैठक में केरल से रिपोर्ट किए गए तीन पुष्ट मामलों और निवारक कदमों और उपायों से मंत्रियों को अवगत कराया गया। भारत सरकार ने पड़ोसी देश में रहने वाले चीनी यात्रियों और विदेशियों के लिए ई-वीजा सुविधा के अस्थायी निलंबन की घोषणा करते हुए सलाह दी कि 15 जनवरी के बाद से चीन जाने वाले किसी भी व्यक्ति की जांच की जाए।
केंद्र सरकार ने कोरोना वायरस से उपजे हालात की निगरानी के लिए एक टॉस्क फोर्स बनाया है। केंद्रीय राज्य मंत्री जी किशन रेड्डी ने बताया कि यह टॉस्क फोर्स यह तय करेगा कि इस वायरस को रोकने लिए क्या उपाय अपनाए जाने चाहिए। उन्होंने कहा कि चीन में रहने वाले ऐसे भारतीय, जो वापस आने के इच्छुक हैं, उन्हें वहां से निकाला जाएगा।
उन्होंने कहा कि जो भी भारत आना चाहते हैं, उन्हें दूतावास से संपर्क करना चाहिए। स्वास्थ्य मंत्रालय ने भी अपनी यात्रा सलाह को नवीनतम करते हुए कहा है कि लोगों को चीन जाने से बचना चाहिए और वहां से वापस आ रहे लोगों को ऐहतियात के चलते अलग रखा जाना मुनासिब होगा।
चीन में हनीमून मनाने गए एक युवा दंपती को भारी पड़ गया है। यह पति पत्नी गत 28 जनवरी को भारत वापस आए थे और उन्हें खांसी जुकाम की शिकायत के बाद सावधानी बरतते हुए यहां अस्पताल में भर्ती कराया गया है। आशंका है कि वे कोरोना वायरस से पीड़ित हो सकते हैं इसलिए उन्हें एक अलग वार्ड में रखा गया है। जिला स्वास्थ्य अधिकारी केके सोनी ने बताया कि उनके नमूनों को जयपुर भेजा गया है और एक अन्य टीम को उनके परिवार के दूसरे लोगों की जांच के लिए भेजा जाएगा।
कोलकाता में जांच की सुविधा
कोलकाता। पश्चिम बंगाल सरकार ने नेताजी सुभाष चंद्र बोस इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर दो थर्मल स्कैनर मुहैया कराए हैं ताकि इस वायरस से पीड़ित लोगों की पहचान आसान हो सके। एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि कोलकाता पोर्ट प्रशासन ने इनका प्रयोग करने का भी प्रारंभ कर दिया है।