देश में लॉकडाउन के बीच लोगों को बहुत सारी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। खाने पीने से लेकर अस्पतालों तक में परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। इन्हीं समस्याओं के बीच पश्चिम बंगाल की राजधानी कोलकाता में लगभग सभी ब्लड बैंक आउट ऑफ स्टॉक हो गए हैं। क्योंकि कोरोना वायरस(covid19) के प्रकोप बढ़ने के बाद लगभग दो सप्ताह से दान शिविर आयोजित नहीं किए गए हैं।
देश में लॉकडाउन होने के कारण लोग खून की तलाश में रोड पर भटकने को मजबूर हो रहे हैं लेकिन डोनर नहीं मिल पा रहा है। हालांकि स्वास्थ्य विभाग ने अधिकारियों से कहा है कि अस्पतालों को आपातकालीन मामलों में सही से संचालित किया जाए।
बड़े अस्पतालों के अलावा, कोलकाता में ज्यादातर ब्लड बैंक निजी तौर पर चलाए जाते हैं। यहां के निजी नर्सिंग होम राज्य के सामान्य अस्पतालों से रक्त खरीदते हैं।
अधिकारियों ने बताया कि सभी ब्लड बैंक के लिए जहां से हम खून खरीदतें हैं वहां खून की भारी कमी है। उन्होंने बताया कि हमने योजनाबद्ध सर्जरी को पूरी तरह से रोक दिया है। कार्डियक सर्जरी, कैंसर सर्जरी और यहां तक कि सीजेरियन प्रसव के लिए रक्त बेहद जरूरी है और इन प्रक्रियाओं में हम देरी नहीं कर सकते हैं। मामला गंभीर है इसलिए सरकार को ब्लड डोनेशन कैंपों को जल्द से जल्द आयोजित करना चाहिए ताकि आने वाले दिनों में खून की उपलब्धता हो।