कांग्रेस ने भाजपा पर 'राष्ट्र विरोधी ताकतों' का साथ देने का आरोप लगाया है। उन्होंने दो गिरफ्तार आतंकियों से भाजपा के कथित संबंधों को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह की चुप्पी पर सवाल उठाया है। कांग्रेस ने कहा कि भाजपा 'फर्जी राष्ट्रवाद' में संलिप्त है।
कांग्रेस प्रवक्ता पवन खेड़ा की यह टिप्पणी उदयपुर के दर्जी कन्हैया लाल के हत्यारे रियाज अट्टारी और लश्कर-ए-तैयबा (एलईटी) के आतंकी तालिब हुसैन शाह के साथ भाजपा के कथित संबंधों की पृष्ठभूमि में आई है।
उन्होंने आरोप लगाया कि जम्मू-कश्मीर के रियासी जिले में ग्रामीणों द्वारा पकड़े गए अट्टारी और शाह के केंद्र की सत्ताधारी पार्टी से तार जुड़े हैं। उन्होंने कहा कि पिछले सप्ताह में दो घटनाओं ने 'दोहरे चेहरे वाली' भाजपा का पर्दाफाश किया है। उन्होंने कहा कि भाजपा नेताओं के साथ उनकी तस्वीरें सोशल मीडिया पर वायरल हो रही हैं।
अमित शाह के साथ कैसे दिख गया तालिब हुसैन : कांग्रेस
खेड़ा ने यह भी पूछा कि तालिब हुसैन शाह, अमित शाह के साथ एक तस्वीर में कैसे देखा गया। उन्होंने आश्चर्य जताया कि क्या यह राष्ट्रीय सुरक्षा का उल्लंघन नहीं है। तालिब हुसैन शाह पर कथित तौर पर कश्मीर में अमरनाथ यात्रा पर हमला करने की योजना बनाने का आरोप है।
कांग्रेस की जम्मू-कश्मीर इकाई द्वारा ट्वीट की गई एक तस्वीर में एक दाढ़ी वाला व्यक्ति अमित शाह की बैठक में लोगों के बीच खड़ा दिख रहा है जिसको लेकर दावा किया जा रहा है कि वह राजौरी में सीरियल बम धमाकों का कथित मास्टरमाइंड तालिब है।
राष्ट्रविरोधी हिंसक गतिविधियों में शामिल हैं भाजपा सदस्य: खेड़ा
खेड़ा ने संवाददाताओं से कहा, "यह चौंकाने वाला है कि भाजपा, एक ऐसी पार्टी जो भारतीयों को राष्ट्रवाद के बारे में प्रचार करने का कोई मौका नहीं छोड़ती है, उसके सदस्य और पदाधिकारी राष्ट्र विरोधी हिंसक गतिविधियों में शामिल हैं।"
एक राजनीतिक दल से जुड़ा था तालिब हुसैन : दिलबाग सिंह
जम्मू-कश्मीर के पुलिस प्रमुख दिलबाग सिंह ने सोमवार को कहा था कि तालिब हुसैन शाह कुछ समय के लिए एक राजनीतिक दल से जुड़ा था और उसने खुद को एक मीडियाकर्मी के रूप में भी पेश किया।
हालांकि भाजपा ने इन दावों का खंडन किया कि गिरफ्तार लश्कर-ए-तैयबा का आतंकवादी उसका सदस्य था। पार्टी के जम्मू-कश्मीर के प्रवक्ता अभिनव शर्मा ने सोमवार को दावा किया कि तालिब हुसैन शाह ने भाजपा नेतृत्व को निशाना बनाने के लिए सीमा पार अपने आकाओं के इशारे पर रेकी करने के लिए एक समाचार पोर्टल के रिपोर्टर के रूप में पार्टी मुख्यालय का दौरा किया था।
उन्होंने इस दावे को भी खारिज किया कि शाह जम्मू-कश्मीर में अल्पसंख्यक प्रकोष्ठ का आईटी प्रभारी था।
खेड़ा ने दावा किया कि एनआईए ने भाजपा के पूर्व नेता और पूर्व सरपंच तारिक अहमद मीर के आतंकवादियों से संबंध होने की पुष्टि की थी। हिजबुल मुजाहिदीन के कमांडर नवीद बाबू के लिए कथित तौर पर हथियार खरीदने के आरोप में दो साल पहले गिरफ्तार मीर के बारे में दावा किया गया था कि वह डीप्टी एसपी दविंदर सिंह का सहयोगी है। उन्होंने कहा कि नवीद बाबू को पहले दविंदर सिंह के साथ गिरफ्तार किया गया था, जिस पर खुद आतंकवादियों को हथियार मुहैया कराने का आरोप था।
कांग्रेस प्रवक्ता ने आरोप लगाया कि अगर दविंदर सिंह मामले की जांच पूरी हो जाती तो सच सामने आ जाता लेकिन बीच में ही रोक दी गई। उन्होंने पूछा कि "क्या प्रधानमंत्री अपना मुंह खोलेंगे? क्या गृह मंत्री बाहर आकर देश को सफाई देंगे? ये आतंकवादी भाजपा में क्या कर रहे थे? आप भाजपा में उन आतंकियों के साथ क्या कर रहे थे?"
कांग्रेस ने कहा, "राजस्थान पुलिस की एसआईटी ने दावा किया है कि कन्हैया लाल के दो हत्यारों में से एक पाकिस्तान स्थित दावत-ए-इस्लामी से जुड़ा था। क्या भाजपा, हिंदू महासभा और मुस्लिम लीग के गठबंधन से प्रेरित है जिसमें कांग्रेस जैसी राष्ट्रवादी ताकतों को सत्ता में आने से रोकने के लिए सभी धर्मों के चरमपंथी एकजुट हुए हैं?"