एनआरसी पर शाह को बोला शहंशाह
एनआरसी ड्राफ्ट पर भाजपा अध्यक्ष अमित शाह के घेरते हुए कांग्रेस प्रवक्ता ने उन्हें सुप्रीम कोर्ट से ऊपर बताते हुए कहा कि शाह संसद में खड़े होकर सभी को घुसपैठिया बताते हैं। वहीं प्रधानमंत्री और गृह मंत्री कुछ और जवाब देते हैं। खेड़ा ने शाह को शहंशाह बोलते हुए कहा कि असम में एनआरसी ढंग से लागू हो नहीं पा रहा है और वह बाकी राज्यों में एनआरसी लागू करने की बात कर रहे हैं। खेड़ा ने कहा कि एनआरसी को लाने वाली कांग्रेस है, लेकिन 30 नवंबर 2017 को मोदी सरकार कानून व्यवस्था का हवाला देकर सुप्रीम कोर्ट में एनआरसी को रोकने के लिए गुहार लगाती है। उन्होंने कहा कि एनआरसी पर 37 सुनवाइयों में सरकार ने रोकने की भरसक कोशिश की, लेकिन कोर्ट के निर्देश पर लागू करना पड़ा। उन्होंने कहा कि कांग्रेस को एनआरसी की प्रक्रिया को लेकर आपत्ति है, कांग्रेस की मांग है कि चाय बागानों में काम करने वाले लोगों, गुरखों की हितों की रक्षा हो और इन लोगों का नाम उस लिस्ट में हो।
पूछा अवैध बंग्लादेशियों पर रुख
वहीं अवैध बंग्लादेशियों को वापस भेजने के मुद्दे पर भाजपा सरकार को घेरते हुए खेड़ा ने कहा कि यूपीए 1 और 2 में 82 हजार 728 अवैध बंग्लादेशियों को वापस भेजा गया। वहीं मोदी सरकार ने केवल 1 हजार 822 अवैध बंग्लादेशी वापस भेजा। कांग्रेस ने सवाल पूछा कि सरकार का अवैध बंग्लादेशियों को लेकर क्या रुख है, स्पष्ट करे।
राफेल पर पूछे सवाल
राफेल डील पर भी कांग्रेस ने एक बार मोदी सरकार को घेरा। कांग्रेस ने प्रधानमंत्री से डील को लेकर सवालों के जवाब मांगे हैं। कांग्रेस ने कहा कि साक्षात्कार में राफेल डील पर मोदी बड़ी सफाई से निकलने की कोशिश की। खेड़ा के मुताबिक मोदी बताएं कि प्रति एयरक्राफ्ट की कीमत क्या है? कैबिनेट कमेटी ऑफ सिक्योरिटी से अप्रूवल क्यों नहीं लिया, साथ ही नई आरएफपी क्यों लेकर आए? एचएएल से ठेका क्यों लिया और ऋण के नीचे दबी कंपनी को ऑफसेट ठेका क्यों दिया। कांग्रेस ने कहा कि बोलने के शौकीन प्रधानमंत्री इन सवालों के जवाब दें।