केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह और कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे के बीच जुबानी जंग छिड़ गई है। पहले शाह ने खरगे को पीएम मोदी के खिलाफ बयानबाजी करने को लेकर घेरा। वहीं अब खरगे ने पलटवार किया है।
क्या है मामला?
जम्मू-कश्मीर के जसरोटा में रविवार को आयोजित एक रैली में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे की तबीयत खराब हो गई थी, लेकिन कुछ देर रुकने के बाद उन्होंने अपना भाषण जारी रखा और सत्तारूढ़ दल पर हमला करते हुए कहा था कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को सत्ता से हटाने से पहले वह मरेंगे नहीं।
खरगे की तबीयत उस समय बिगड़ी जब वह एक दिन पहले ही कठुआ जिले में आतंकियों के खिलाफ अभियान में बलिदान हेड कांस्टेबल को श्रद्धांजलि दे रहे थे। अचानक ही उनको बेचैनी महसूस हुई और चक्कर आने लगा। सहयोगियों ने उन्हें तुरंत कुर्सी पर बिठाया। वहां, मौजूद डॉक्टरों ने उनके स्वास्थ्य की जांच की। इसके बाद जीएमसी कठुआ में भी भर्ती करवाया गया, जहां डॉक्टरों ने उनके स्वास्थ्य की जांच के बाद छुट्टी दे दी। जनसभा के दौरान कुछ मिनट के लिए अफरा-तफरी रही, लेकिन खुद को संभालते हुए खरगे ने मंच से बैठकर ही फिर बोलना शुरू किया था। उन्होंने बताया था कि उन्हें चक्कर आ गया था। उन्होंने दो मिनट में अपने भाषण को समाप्त किया। कहा था, 'मैं 83 साल का हो गया हूं, लेकिन इतना जल्दी मरने वाला नहीं हूं। मैं तब तक जिंदा रहूंगा, जब तक प्रधानमंत्री मोदी सत्ता से बाहर नहीं हो जाते।'