कांग्रेस सासंद केसी वेणुगोपाल ने राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद को एक पत्र लिखा है। इसमें उन्होंने राज्य के राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान और राज्य सरकार पर आरोप लगाया है कि वह केरल विश्वविद्यालय से जुड़े अपने राजनीतिक विवादों में राष्ट्रपति कार्यालय को घसीटने की कोशिश कर रहे हैं। वेणुगोपाल ने राष्ट्रपति से अनुरोध किया कि वह इस मामले में एक विस्तृत रिपोर्ट मांगें और फटकार लगाएं।
उधर, राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान ने कहा है कि जब से मैंने खुद को चांसलर के पद से हटाने के लिए कहा है, मुझे मुख्यमंत्री से तीन पत्र मिल चुके हैं और सभी पत्रों में उन्होंने कहा है कि सरकार का इसमें दखल देने का कोई इरादा नहीं है। मैं उन्हें यह तय करने के लिए समय देना चाहता हूं कि वह मुझे चांसलर के तौर पर देखना चाहते हैं या नहीं। अगर नहीं, तो वह एक अध्यादेश ला सकते हैं।
राज्यपाल ने आगे कहा कि मैंने चांसलर के तौर पर कुलपति (केरल विश्वविद्यालय के) को कहा था कि सिंडिकेट की एक बैठक आयोजित करवाएं लेकिन उन्होंने ऐसा नहीं किया। वह चांसलर के आदेश की अवहेलना कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि इसलिए मैंने सोचा कि टकराव करने के स्थान पर मैं सरकार को पत्र लिखूंगा और किसी अन्य व्यक्ति को चांसलर के पद पर नियुक्त करने का अनुरोध करूंगा।