कर्नाटक में इस साल मई में 224 सीटों वाली विधानसभा चुनाव के लिए मतदान होने हैं। उससे पहले मतदाताओं को लुभाने के लिए सभी पार्टियां अलग-अलग घोषणा कर रही हैं। कांग्रेस ने शुक्रवार को तीसरी गारंटी की घोषणा की है कि सरकार में आने के बाद वह 'अन्न भाग्य योजना' के तहत बीपीएल (गरीबी रेखा से नीचे) परिवार के प्रत्येक सदस्य को प्रति माह दस किलोग्राम मुफ्त चावल प्रदान किया जाएगा।
कांग्रेस इससे पहले दो गारंटी की घोषणा कर चुकी है, जिसमें 'गृह ज्योति योजना' के तहत हर घर को 200 यूनिट मुफ्त बिजली और 'गृह लक्ष्मी योजना' के तहत हर महिला के नेतृत्व वाले घर को 2,000 रुपये की गारंटी शामिल हैं। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष डी के शिवकुमार और विपक्ष के नेता सिद्धरमैया ने यहां एक संयुक्त संवाददाता सम्मेलन में पार्टी की तीसरी गारंटी की घोषणा की।
इस दौरान शिवकुमार ने कहा, हमें कर्नाटक से भूख को खत्म करने के लिए बीपीएल कार्डधारक परिवार के प्रत्येक सदस्य को प्रति माह 10 किलो चावल मुफ्त प्रदान करने की अन्न भाग्य गारंटी की घोषणा करते हुए खुशी हो रही है। 'अन्न भाग्य योजना' सिद्धारमैया के नेतृत्व वाली पिछली कांग्रेस पार्टी सरकार द्वारा शुरू की गई एक महत्वपूर्ण योजना थी, जिसमें खाद्य सुरक्षा अधिनियम के तहत मुफ्त खाद्यान्न प्रदान करने की योजना थी, जिसने आखिरकार राज्य के लाखों परिवारों को लाभान्वित किया।
डीके शिवकुमार ने कहा, जब कांग्रेस की सरकार थी तो 7 किलोग्राम राशन दिया जाता था, लेकिन भाजपा सरकार ने राशन को घटाकर 5 किलो कर दिया। लेकिन इस बार कांग्रेस सरकार 10 किलो चावल मुफ्त देगी। यह हमारी तीसरी गारंटी है।
वहीं, सिद्धारमैया ने कहा कि जैसे ही कांग्रेस पार्टी अगले चुनाव में बहुमत हासिल करेगी और सत्ता में आएगी, हम राज्य में बीपीएल कार्ड धारक गरीब परिवार के हर सदस्य को 'अन्न भाग्य योजना' के तहत मुफ्त 10 किलो चावल देंगे। उन्होंने कहा, हम पहले भी अपनी बात पर कायम रहे हैं और भविष्य में भी हम अपनी बात पर कायम रहेंगे। पूर्व मुख्यमंत्री ने आगे कहा, पहले से ही मुफ्त चावल योजना पर 4,000 से 5,000 करोड़ रुपये खर्च किए जा रहे हैं, और इसे 10 किलोग्राम तक बढ़ाने पर 4,000 से 5,000 करोड़ रुपये और खर्च हो सकते हैं।