प्रवर्तन निदेशालय ने शुक्रवार को बड़ी कार्रवाई की। ईडी ने हवाला के जरिये पैसों के ट्रांसफर से जुड़े फेमा मामले में जोआलुक्कास ज्वेलरी चेन के मालिक की 305 करोड़ रुपये से अधिक की संपत्ति कुर्क कर ली है। इससे पहले ईडी ने अल्फाजियो लिमिटेड से संबंधित 16 करोड़ रुपये के सावधि जमा (फिक्स्ड डिपॉजिट) जब्त किए थे। प्रवर्तन निदेशालय की ओर से यह कार्रवाई फॉरेन एक्सचेंज मैनेजमेंट एक्ट (FEMA) के प्रावधानों के तहत की गई थी।
जब्ती से दो दिन पहले 22 फरवरी को जांच एजेंसी ने त्रिशूर से संचालित समूह के कई परिसरों में तलाशी ली थी। ईडी ने एक बयान में कहा कि जब्त संपत्तियों में 33 अचल संपत्तियां (81.54 करोड़ रुपये मूल्य की) शामिल हैं। इसमें शोभा सिटी, त्रिशूर में भूमि और आवासीय भवन, तीन बैंक खाते (91.22 लाख रुपये की जमा राशि), 5.58 करोड़ रुपये की तीन सावधि जमा राशि और जॉयलुक्कास इंडिया प्राइवेट लिमिटेड (मूल्य 217.81 करोड़ रुपए) के शेयर शामिल हैं। फेमा की धारा 37ए के तहत जब्त की गई इन संपत्तियों का कुल मूल्य 305.84 करोड़ रुपये है।
समूह ने 17 फरवरी को 2,300 करोड़ रुपये का अपना आरंभिक सार्वजनिक निर्गम (आईपीओ) बिना कोई कारण बताए वापस ले लिया था। आईपीओ की रकम का इस्तेमाल ऋण के भुगतान, आठ नए शोरूम खोलने और सामान्य कॉरपोरेट उद्देश्यों के लिए किया जाना था। ईडी ने बताया कि यह मामला हवाला के जरिए भारत से दुबई में भारी मात्रा में नकदी ट्रांसफर करने और बाद में जॉयलुक्कास ज्वेलरी एलएलसी, दुबई में निवेश करने से संबंधित है। यह जॉय अलुक्कास वर्गीज की 100 फीसदी स्वामित्व वाली कंपनी है।