2005 के समझौता एक्सप्रेस बम विस्फोट मामले को लेकर बृहस्पतिवार को राज्यसभा में भाजपा और कांग्रेस के बीच तीखी नोकझोंक हुई। भाजपा ने आरोप लगाया कि इस बम धमाके में पाकिस्तान का हाथ था।
मगर यूपीए सरकार ने राजनीतिक लाभ के लिए कर्नल पुरोहित, साध्वी प्रज्ञा को फंसाया। भाजपा के सांसद शिव प्रताप शुक्ला ने कहा कि एक टीवी चैनल पर नार्को टेस्ट के क्लिप दिखाने के बाद साफ हो गया है कि सिमी और लश्कर-ए-ताइबा का इसमें हाथ था।
मगर तत्कालीन यूपीए सरकार ने ‘हिंदू आतंकवाद’ का नाम रचकर देश के हिंदुओं का अपमान किया। भाजपा सांसद सुब्रमण्यम स्वामी ने टीवी चैनल में दिखाए जा रहे वीडियो को लेकर सरकार से स्थिति स्पष्ट करने के लिए कहा।
वहीं दिग्विजय सिंह ने कहा कि मोदी सरकार बम ब्लास्ट के मुख्य आरोपियों कर्नल पुरोहित और साध्वी प्रज्ञा को बचाने की कोशिश कर रही है। इसी वजह से ये वीडियो टीवी चैनल पर लाया गया है।