बड़े अर्से बाद फिल्म उद्योग के लिए राहत की खबर आई है। दस महीने बाद पहली बार सोमवार को देश में सिनेमाघर 100 प्रतिशत क्षमता के साथ खुले। उल्लेखनीय है कि केंद्र सरकार ने सोमवार से सिनेमाघरों को 100 प्रतिशत क्षमता के साथ खोलने की अनुमति दी है। केंद्रीय सूचना एवं प्रसारण मंत्री प्रकाश जावड़ेकर ने रविवार को सिनेमा हॉल के सुचारू संचालन को सुनिश्चित करने के लिए मानक संचालन प्रक्रिया (एसओपी) का एक नया सेट जारी किया।
सरकार के इस फैसले ने थिएटर मालिकों, वितरकों और निर्माताओं को खुश कर दिया, जिनका कहना है कि यह उनके उद्योग को फिर से पटरी पर लाने के लिए बहुत जरूरी कदम है।
मार्च 2020 से ही देशभर के सिनेमाघर बंद पड़े हुए थे, जिसके चलते बड़ी बजट की कई फिल्में रिलीज नहीं हो पाईं। सिनेमा हॉल बंद होने के कारण, अक्षय कुमार अभिनीत फिल्म 'सूर्यवंशी', रणवीर सिंह की '83' और आमिर खान की 'लाल सिंह चड्ढा' जैसी बड़ी फिल्में रिलीज नहीं हो पाईं, इन सभी फिल्मों के निर्माताओं को रिलीज की तारीख आगे बढ़ानी पड़ी।
हालांकि, कोरोना वायरस संक्रमण के मामलों में कमी और टीकाकरण के शुरू होने से अब स्थिति बदलने की संभावना है और 2021 पूरी तरह से सिनेमा मनोरंजन का वर्ष हो सकता है। फिल्म उद्योग के अंदरूनी सूत्रों ने कहा कि इस साल 50 से अधिक फिल्में सिनेमाघरों में रिलीज के लिए तैयार हैं। उद्योग नुकसान से जल्दी उबरने की कोशिशें करेगा।
पीवीआर पिक्चर्स के सीईओ कमल ज्ञानचंदानी ने मीडिया से कहा, यह सरकार द्वारा उठाया गया एक बहुत ही सकारात्मक कदम है, और यह एक बड़ा मौका है। यह फिल्म व्यवसाय के संकट से उबरने की प्रक्रिया को गति देगा।
ज्ञानचंदानी ने कहा कि अधिकतर फिल्मों के निर्माता सिनेमाघरों के पूरी क्षमता के साथ खुलने को लेकर अनिश्चितता की स्थिति में थे, वे अब सरकार के इस फैसले के बाद अपनी बड़ी और मध्यम बजट की फिल्मों को रिलीज करने के लिए प्रोत्साहित होंगे।
उन्होंने कहा कि पहले दिन दिल्ली, तमिलनाडु और गुजरात समेत देश के कई राज्यों ने केंद्र के फैसले के बाद सिनेमाघरों को 100 प्रतिशत क्षमता के साथ संचालन की अनुमति दी है। चूंकि इसके संचालन के लिए नया प्रोटोकॉल केवल एक दिन पहले जारी किया गया था, इसलिए सभी राज्यों में ये चीजें होने में 10-15 दिन लग सकते हैं।