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Politics: चिराग पासवान चाचा पशुपति पर बोले- अब समझेंगे हाशिए पर होने का दर्द; खुद को PM का विश्वासपात्र बताया

Mon, 20 Oct 2025 03:55 AM IST
लव गौर न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना

सार

Bihar Election 2025: केंद्रीय मत्री चिराग पासवान ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने जिस तरह से उन पर भरोसा जताया है, वह उनके लिए प्रेरणा है। वहीं अपने चाचा पशुपति पारस पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि अब उन्हें महसूस होगा कि “गठबंधन में किनारे कर दिए जाने” का दर्द क्या होता है।
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केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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बिहार में विधानसभा चुनाव को लेकर सियासी माहौल गर्म है। इस बीच राष्ट्रीय लोक जनशक्ति पार्टी (RLJP) के अध्यक्ष पशुपति पारस ने चुनाव अकेले लड़ने की घोषणा की है। इस बीच एक इंटरव्यू में केंद्रीय मंत्री और लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) के प्रमुख चिराग पासवान ने चाचा पशुपति पारस पर कटाक्ष किया है। साथ ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर अटूट विश्वास जताया और कहा कि वो एनडीए की जीत के लिए हनुमान की तरह काम करेंगे।

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चाचा पर चिराग का कटाक्ष
न्यूज एजेंसी एएनआई को दिए एक इंटरव्यू में चिराग पासवान ने अपने चाचा और राष्ट्रीय लोक जनशक्ति पार्टी (RLJP) के नेता पशुपति कुमार पारस पर तंज कसते हुए कहा कि अब उन्हें समझ आएगा कि गठबंधन में “कोने में कर दिए जाने” का क्या मतलब होता है। बातचीत के दौरान चिराग ने कहा, “2020 में मैं एनडीए में नहीं रह सका। उस समय मेरी पार्टी को बाहर आना पड़ा। अब मेरे चाचा को समझ आएगा कि जब किसी गठबंधन में आपको पूरी तरह नजरअंदाज कर दिया जाए, तो क्या महसूस होता है।”

जदयू के खिलाफ चिराग ने उतारे थे प्रत्याशी
उन्होंने बताया कि 2020 में उनके पास महागठबंधन में जाने का विकल्प था, लेकिन उन्होंने ऐसा नहीं किया क्योंकि उनकी निष्ठा प्रधानमंत्री मोदी के साथ थी। उन्होंने कहा, “मैंने एनडीए छोड़ा, लेकिन भाजपा के खिलाफ उम्मीदवार नहीं उतारे। आज जब वे (पारस) अकेले चुनाव लड़ रहे हैं, तो उन्हें समझ आएगा कि जब आपको अहमियत नहीं दी जाती, तो क्या स्थिति बनती है।” चिराग पासवान की यह टिप्पणी पशुपति पारस द्वारा शनिवार को बिहार चुनाव अकेले  लड़ने की घोषणा के बाद आई है। 

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पार्टी में फूट, दो धड़े बने
गौरतलब है कि 2020 के विधानसभा चुनाव के दौरान लोक जनशक्ति पार्टी में विभाजन हो गया था। पार्टी दो हिस्सों में बंट गई,  लोजपा (राम विलास)- चिराग पासवान के नेतृत्व में औरराष्ट्रीय लोक जनशक्ति पार्टी (RLJP) – पशुपति कुमार पारस के नेतृत्व में थी। हालांकि उस वक्त चिराग पासवान ने जदयू के खिलाफ उम्मीदवार उतारे थे, जिससे मुख्यमंत्री नीतीश कुमार नाराज हुए थे। लेकिन अब चिराग ने कहा कि सारे मतभेद खत्म हो गए हैं और इस बार वे एनडीए के साथ पूरी मजबूती से चुनाव लड़ रहे हैं, ताकि “नीतीश कुमार फिर से बिहार के मुख्यमंत्री बनें।”

चिराग ने प्रधानमंत्री मोदी पर जताया अटूट विश्वास
वहीं इंटरव्यू में चिराग पासवान ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर पूर्ण विश्वास जताते हुए कहा कि वे बिहार विधानसभा चुनाव में राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) की जीत के लिए “हनुमान” की तरह समर्पित होकर काम करेंगे। बातचीत में चिराग पासवान ने कहा कि मैं एनडीए की जीत सुनिश्चित करने के लिए अपनी क्षमता से भी अधिक मेहनत करूंगा। प्रधानमंत्री मोदी को मुझ पर बहुत भरोसा है। मेरी पार्टी के पास सिर्फ एक सांसद है, लेकिन उन्होंने हमें पांच लोकसभा सीटें दीं। यह मेरे लिए बहुत बड़ा सम्मान था।”

पासवान ने साफ कहा कि उन्हें अब तक एनडीए से सिर्फ सम्मान और अवसर मिले हैं, ना कि कोई शिकायत। अपने बयान में चिराग ने कहा, “मैं एनडीए से कभी नाराज नहीं रहा। 2024 में हमें 5 सीटें दी गईं, और अब 2025 में बिहार विधानसभा चुनाव में 29 सीटें मिली हैं। अगर इसके बाद भी कोई नाराज होता है, तो उससे बड़ा एहसानों को भूल वाला कोई नहीं होगा।”

29 सीटों पर चुनाव लड़ रही चिराग की पार्टी
बता दें कि लोक जनशक्ति पार्टी (राम विलास) ने 14 अक्टूबर को अपनी पहली सूची में 14 उम्मीदवार और 16 अक्टूबर को दूसरी सूची में 15 उम्मीदवार घोषित किए हैं। पार्टी कुल 29 सीटों पर चुनाव लड़ रही है। बिहार में दो चरणों में मतदान 6 और 11 नवंबर को होगा, जबकि मतगणना 14 नवंबर को की जाएगी।

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