केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह (फाइल फोटो)
- फोटो : एएनआई
कोविड-19 महामारी के मौजूदा हालात को देखते हुए केंद्र सरकार ने केंद्रीय सरकारी विभागों में कर्मचारियों की उपस्थिति के लिए लागू 'फ्लेक्सी' व्यवस्था को 15 जून तक बढ़ा दिया है।
केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह ने मंगलवार को बताया कि इस व्यवस्था के तहत दिव्यांग और गर्भवती कर्मचारी पहले की तरह ही घर से काम करते रहेंगे, जबकि अन्य कर्मचारियों को विभागाध्यक्ष अपनी जरूरत के हिसाब से अलग-अलग समय पर कार्यालय बुलाएंगे ताकि एक समय में ऑफिस में बहुत ज्यादा भीड़ एकत्र नहीं हो पाए।
केंद्रीय कार्मिक मंत्रालय ने केंद्रीय मंत्री के हवाले से बताया कि इससे पहले विभागों को 50 फीसदी कर्मचारियों की उपस्थिति वाले तरीके से चलाए जाने पर विचार किया जा रहा था। लेकिन अब कार्यालयों में फलेक्सी उपस्थिति की इजाजत देने वाले पुराने आदेश को ही बरकरार रखा जा रहा है।
मंत्री ने कहा कि अधिकारियों और अन्य कर्मचारियों को कार्यालयों में भीड़ जुटने से बचाने के लिए विभिन्न समय पर आने वाली व्यवस्था का पालन करना होगा। आने का समय विभागाध्यक्ष तय करेंगे। कार्यालय के अंदर मास्क पहनना, शारीरिक दूरी बनाए रखना, सैनिटाइजर का उपयोग करना और बार-बार साबुन से हाथ धोने जैसै कोविड-19 प्रोटोकॉल का सख्ती से पालन करने के लिए भी कहा गया है।
बता दें कि पहले फ्लेक्सी' व्यवस्था के तहत दिव्यांग और गर्भवती कर्मचारियों को 31 मई तक ही घर से ही काम करने की सुविधा दी गई थी। कार्मिक मंत्रालय ने मई के पहले सप्ताह में जारी आदेश में कहा था कि मंत्रालयों व विभागों के सचिवों और उनके अधीनस्थ कार्यालयों के विभाग प्रमुखों को सभी स्तर पर अपने कर्मचारियों की उपस्थिति रेगुलेट करनी होगी। सभी कर्मचारियों को विभाग प्रमुखों की तरफ से तय अलग-अलग समय वाली शिफ्ट को फॉलो करना होगा ताकि कार्यालयों में भीड़ न हो। मंत्रालय ने कहा था कि कंटेनमेंट जोन में रहने वाले अधिकारी व कर्मचारी घर से काम करेंगे, लेकिन हर वक्त टेलीफोन व इलेक्ट्रॉनिक संचार माध्यमों के जरिये उपलब्ध रहेंगे।