बजट सत्र से पहले आयोजित सर्वदलीय बैठक में राहुल गांधी की भारत जोड़ो न्याय यात्रा पर असम में लगी कथित पाबंदियां और विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) के विवादास्पद मसौदे का मामला उठा।
बैठक में सरकार ने हर मुद्दे पर चर्चा के लिए तैयार रहने का आश्वासन देते हुए विपक्ष से कार्यवाही चलाने में मदद की अपील की। सर्वदलीय बैठक रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह की अध्यक्षता में हुई, जिसमें 30 दलों के 45 नेताओं ने शिरकत की। बैठक की शुरुआत में संसदीय कार्य मंत्री प्रहलाद जोशी ने कहा कि सरकार हर मुद्दे पर चर्चा के लिए तैयार है। विपक्ष को सदन चलाने में सहयोग देने के साथ संसदीय मर्यादाओं का पालन करना चाहिए। उन्होंने कहा कि हम आम बजट, राष्ट्रपति के अभिभाषण, जम्मू कश्मीर बजट और अहम बिलों पर सार्थक चर्चा करना चाहते हैं। सरकार किसी भी मुद्दे पर चर्चा के लिए तैयार है।
मोदी सरकार के दूसरे कार्यकाल का अंतिम सत्र...यह मोदी सरकार के दूसरे कार्यकाल और 17वीं लोकसभा का अंतिम सत्र होगा। बुधवार को राष्ट्रपति दोनों सदनों के संयुक्त अधिवेशन को संबोधित करेंगी। बृहस्पतिवार को वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण अंतरिम बजट पेश करेंगी। सत्र के दौरान जम्मू-कश्मीर विधेयक को पेश किया जाएगा। इसके अलावा कुछ अहम बिल पेश और पारित होंगे।
अनुप्रिया बोलीं-लाइलाज बीमारी की हो सर्जरी
बैठक में केंद्रीय मंत्री और अपना दल एस की अध्यक्ष अनुप्रिया पटेल ने यूजीसी के उस विवादास्पद मसौदे का मामला उठाया, जिसमें कहा गया है कि योग्य उम्मीदवारों की कमी होने पर आरक्षित सीटों को अनारक्षित किया जा सकता है। पटेल ने कहा कि आजादी के बाद मोदी सरकार ने ही सामाजिक न्याय के लिए सबसे अधिक कार्य किया है। हालांकि योग्य उम्मीदवारों की कमी का बहाना बहुत पुराना और लाइलाज बीमारी है। इसी बहाने आरक्षित सीटों को अनारक्षित किया जाता है। उन्होंने कहा कि इस लाइलाज बीमारी को खत्म करने के लिए बड़ी सर्जरी की जरूरत है।
कांग्रेस ने दिखाए तेवर
बैठक में कांग्रेस के प्रमोद तिवारी ने राहुल गांधी की न्याय यात्रा के दौरान असम में लगाई गई कथित पाबंदियों का मामला उठाया। उन्होंने कहा कि असम सरकार तानाशाही पर उतर आई है। राहुल को मंदिर जाने से रोका गया। उनकी यात्रा पर हमला बोला गया। यह एक तरह से अघोषित आपातकाल है। कांग्रेस इसे स्वीकार नहीं करेगी। इस दौरान केंद्रीय मंत्री रामदास अठावले ने मराठा आरक्षण का मामला उठाया। बैठक में केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल, अर्जुन राम मेघवाल, के सुरेश, सुदीप बंदोपाध्याय, टीआर बालू, प्रमोद तिवारी सहित कई अन्य दलों के नेताओं ने भी हिस्सा लिया।