कांग्रेस की आपत्ति के बाद चुनाव आयोग ने रविवार को निर्णय लिया है कि मतगणना के समय केवल सीसीटीवी कैमरों से नजर रखी जाएगी। मतगणना के समय न तो वेबकास्टिंग होगी और न ही वाई फाई नेटवर्क का इस्तेमाल किया जाएगा।
कांग्रेस का कहना है कि जब भारत निर्वाचन आयोग और मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी मध्यप्रदेश का खुद का डोमेन (प्लेटफॉर्म) है तो मतगणना की जानकारी देने का काम किसी निजी कंपनी के हाथों क्यों सौंपा गया। कांग्रेस के प्रतिनिधि मंडल ने मध्यप्रदेश के निर्वाचन सदन पहुंचकर मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी को आपत्ति दर्ज कराई। पहले तो कांग्रेस की आपत्ति को खारिज कर दिया गया लेकिन बाद में देर रात ये निर्णय लिया गया।