पैसे लेकर सवाल पूछने के मामले में सीबीआई ने बृहस्पतिवार को टीएमसी नेता और पूर्व सांसद महुआ मोइत्रा के खिलाफ एफआईआर दर्ज की। सीबीआई ने ये कार्रवाई भ्रष्टाचार रोधी संस्था लोकपाल के निर्देशों पर की। मोइत्रा के खिलाफ भाजपा के लोकसभा सांसद निशिकांत दुबे की ओर से लगाए गए आरोपों पर प्रारंभिक जांच के बाद लोकपाल ने सीबीआई को इसके निर्देश जारी किए हैं। लोकपाल ने सीबीआई को मामले में शिकायतों के सभी पहलुओं की जांच करने के बाद छह महीने में अपने निष्कर्ष देने का निर्देश दिया है। न्यायमूर्ति अभिलाषा कुमारी, सदस्य अर्चना रामसुंदरम और महेंद्र सिंह की लोकपाल पीठ ने अपने आदेश में कहा है कि एक सांसद के रूप में मोइत्रा के खिलाफ लगाए गए आरोप ठोस सबूत पर आधारित हैं और अत्यंत गंभीर प्रकृति के हैं। इस बारे में सच पता लगाने के लिए गहन जांच की आवश्यकता है।