अमेरिकी की वित्तीय कंपनी मॉर्गन स्टेनली ने ‘पीएम गति शक्ति योजना’ की सराहना की है। कंपनी ने अपनी रिपोर्ट में कहा है कि भारत ने पिछले दशक में अपने बुनियादी ढांचे को मजबूती से बढ़ाया है।
रिपोर्ट के अनुसार भारत का इंफ्रास्ट्रक्चर (बुनियादी ढांचे) में निवेश 2029 में जीडीपी का 6.5 प्रतिशत हो जाएगा, जो अभी 2024 में जीडीपी का 5.3 प्रतिशत है। साथ ही देश के बुनियादी ढांचे में सुधार की वजह से विदेशी निवेश और निर्यात भी बढ़ेगा। पीएम गति शक्ति की वजह से इंफ्रास्ट्रक्चर निवेश में अगले 5 सालों में 1.45 लाख करोड़ डॉलर खर्च होंगे। पीएम गति शक्ति योजना की वजह से चल रहे इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स को तेजी से पूरा होने में मदद मिलेगी। जिसकी वजह से लागत में कमी आएगी, उत्पादकता बढ़ेगी। कॉरपोरेट सेक्टर में लॉजिस्टिक लागत में कमी आएगी और कम वर्किंग कैपिटल (कार्यशील पूंजी) की जरूरत पड़ेगी। पीएम नरेंद्र मोदी ने अक्तूबर 2021 में बुनियादी ढांचे के विकास के लिए पीएम गति शक्ति राष्ट्रीय मास्टर प्लान लॉन्च किया था।
डायनस्टेन आईपीओ एनएसई पर होगा सूचीबद्ध, आज अंतिम दिन
स्टाफिंग एवं आईटी सेवाप्रदाता डायनस्टेन टेक लि. का प्रारंभिक सार्वजनिक निर्गम (आईपीओ) शुक्रवार को बंद हो जाएगा। कंपनी का यह शेयर एनएसई पर सूचीबद्ध होगा। इसका मूल्य दायरा 95-100 रुपये है। आईपीओ में न्यूनतम 1,200 शेयर के आवेदन करना होगा। कंपनी के सीईओ शिव प्रसाद नंदूरी ने बताया, आईपीओ में कुल 20.97 लाख जारी किए गए हैं। इसमें से 7.34 लाख शेयर खुदरा निवेशकों के लिए आरक्षित हैं। उन्होंने कहा, इस आईपीओ से जुटाए गए रकम से हमें परिचालन को बढ़ाने और उसमें सुधार करने में मदद मिलेगी। हम निवेशकों से कंपनी की इस विकास यात्रा में शामिल होने की अपील करते हैं।
ईडी ने मनी लॉन्ड्रिंग मामले में पूर्व डीएमके नेता को किया गिरफ्तार
प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने ड्रग से संबंधित मनी लॉन्ड्रिंग मामले में पूर्व डीएमके नेता जाफर सादिक को गिरफ्तार किया है। ईडी ने उनसे तिहाड़ जेल में पूछताछ की, जहां वह एनडीपीएस मामले में बंद थे। पूछताछ के बाद 26 जून को उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया। अदालत में पेश होने के बाद ईडी उनकी रिमांड मांगेगी।
आरबीआई ने एचएसबीसी पर 29.6 लाख रुपये का जुर्माना लगाया
भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने शुक्रवार को कहा कि उसने कार्ड से संबंधित कुछ निर्देशों का पालन नहीं करने के लिए हांगकांग एंड शंघाई बैंकिंग कॉरपोरेशन लिमिटेड (एचएसबीसी) पर 29.6 लाख रुपये का जुर्माना लगाया है। केंद्रीय बैंक ने एक बयान में कहा कि एचएसबीसी पर भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) द्वारा 'क्रेडिट कार्ड, डेबिट कार्ड और रुपये में नामित बैंकों के सह-ब्रांडेड प्री-पेड कार्ड संचालन' पर जारी कुछ निर्देशों का पालन नहीं करने के लिए जुर्माना लगाया गया है। RBI ने कहा कि 31 मार्च, 2022 तक बैंक की वित्तीय स्थिति के संदर्भ में उसके द्वारा पर्यवेक्षी मूल्यांकन (ISE 2022) के लिए एक वैधानिक निरीक्षण किया गया था। उसी निरीक्षण के आधार पर यह कार्रवाई की गई।