बुल्ली बाई एप मामले में मुंबई की बांद्रा कोर्ट ने आरोपी विशाल कुमार झा, श्वेता सिंह और मयंक रावत की जमानत याचिका खारिज कर दी है। तीनों आरोपी फिलहाल न्यायिक हिरासत में हैं। इस बीच मामले के आरोपी नीरज बिश्नोई और 'सुल्ली डील्स' एप बनाने वाले ओंकारेश्वर ठाकुर को 27 जनवरी तक पुलिस रिमांड में भेजा गया। उन्हें गुरुवार को मुंबई पुलिस के साइबर सेल ने बांद्रा कोर्ट में पेश किया था।
इस बीच अपराध शाखा की साइबर पुलिस ने ‘बुल्ली बाई’ एप की योजना बनाने के आरोप में एमबीए पास 28 साल के नीरज सिंह नाम के युवक को ओडिशा से गिरफ्तार किया है। एक अधिकारी ने बताया कि मुस्लिम महिलाओं के फोटो ऑनलाइन डाल बोली लगवाकर अपमानित करने वाले नीरज ने मुख्य आरोपी के साथ मिलकर इस एप की योजना बनाई थी।
अधिकारी ने बताया कि इस संबंध में गिरफ्तार लोगों से पूछताछ के दौरान नीरज की भूमिका सामने आई। इसके बाद साइबर पुलिस थाने की एक टीम को ओडिशा भेजकर उसे गिरफ्तार किया गया। उसे मुंबई लाकर कोर्ट में पेश किया गया। इस गिरफ्तारी के साथ मुंबई पुलिस अब तक इस मामले में चार लोगों को गिरफ्तार कर चुकी है। इससे पहले श्वेता सिंह (18), मयंक रावल (21) को उत्तराखंड से गिरफ्तार किया गया था। इंजीनियरिंग के छात्र विशाल कुमार झा (21) को बेंगलुरु से पकड़ा गया था। मुख्य आरोपी नीरज बिश्नोई को दिल्ली पुलिस ने असम से गिरफ्तार किया था।
मुंबई पुलिस ने सैकड़ों मुस्लिम महिलाओं के फोटो से छेड़छाड़ कर बोली लगाने के लिए ओपन सोर्स सॉफ्टवेयर प्लेटफार्म गिटहब पर चल रहे ‘बुल्ली बाई’ एप पर अपलोड करने के इस मामले में अज्ञात लोगों को खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की थी। एप पर वास्तव में कोई बोली नहीं लग रही थी, बल्कि फोटो अपलोड करने का मकसद इन महिलाओं को अपमानित करना था। इनमें से कई महिलाएं सक्रिय रूप से सोशल मीडिया का इस्तेमाल करती हैं।