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Congress: 'बुलडोजर न्याय पूरी तरह अस्वीकार्य, यह बंद होना चाहिए', कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी वाड्रा की मांग

Sat, 24 Aug 2024 04:26 PM IST
पवन पांडेय न्यूज डेस्क, अमर उजाला

सार

Congress: उत्तर प्रदेश सरकार ने कई अपराध के अपराधियों पर कार्रवाई के लिए बुलडोजर से उनके घर और अवैध आवास गिराकर जब्तीकरण और नुकसान की भरपाई की। इस तरह की कार्रवाई अब देश के अन्य राज्यों में भी देखने को मिल रही है। वहीं कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी ने इसे बंद करने की मांग की है।
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बुलडोजर न्याय पूरी तरह अस्वीकार्य- प्रियंका गांधी - फोटो : ANI
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विस्तार
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देश के कई राज्यों में बुलडोजर की कार्रवाई को कांग्रेस नेता और महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा ने अस्वीकार्य और इसे बंद करने की मांग की है। कांग्रेस नेता ने सोशल मीडिया एक्स पर लिए एक पोस्ट में कहा है कि बुलडोजर न्याय पूरी तरह अस्वीकार्य, यह बंद होना चाहिए।
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सजा सिर्फ अदालत तय कर सकती है- प्रियंका
प्रियंका गांधी ने अपने ट्वीट में आगे लिखा, अगर कोई किसी अपराध का आरोपी है तो उसका अपराध और उसकी सजा सिर्फ अदालत तय कर सकती है। लेकिन आरोप लगते ही आरोपी के परिवार को सजा देना, उनके सिर से छत छीन लेना, कानून का पालन न करना, अदालत की अवहेलना करना, आरोप लगते ही आरोपी का घर ढहा देना- यह न्याय नहीं है। यह बर्बरता और अन्याय की पराकाष्ठा है। 

'सरकारें अपराधी की तरह व्यवहार नहीं कर सकतीं'
इसके साथ प्रियंका गांधी ने इस तरह की कार्रवाई पर निशाना साधते हुए लिखा, कानून बनाने वाले, कानून के रखवाले और कानून तोड़ने वाले में फर्क होना चाहिए। सरकारें अपराधी की तरह व्यवहार नहीं कर सकतीं। कानून, संविधान, लोकतंत्र और मानवता का पालन सभ्य समाज में शासन की न्यूनतम शर्त है। जो राजधर्म नहीं निभा सकता, वह न तो समाज का कल्याण कर सकता है, न ही देश का।
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मध्य प्रदेश में एक शख्स के घर पर चला बुलडोजर
कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी वाड्रा का ये बयान तब सामने आया है, जब मध्य प्रदेश के छतरपुर जिले में विरोध प्रदर्शन के दौरान कथित रूप से हिंसा में शामिल एक व्यक्ति के घर को कुछ दिन पहले गिरा दिया गया है।दरअसल संत रामगिरी महाराज की टिप्पणी के खिलाफ विरोध प्रदर्शन के दौरान कथित तौर पर हिंसा में शामिल शख्स का घर गुरुवार को ध्वस्त कर दिया गया। रामगिरी महाराज ने कुछ दिन पहले महाराष्ट्र के नासिक जिले में एक धार्मिक कार्यक्रम के दौरान कथित तौर पर इस्लाम के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणी की थी। 

हिंसा में शामिल 200 लोगों के खिलाफ केस दर्ज
मुस्लिम समुदाय के सदस्यों ने बुधवार को एक विरोध प्रदर्शन आयोजित किया था, लेकिन यह हिंसा में बदल गया, जिसमें दो पुलिसकर्मी घायल हो गए और कई वाहन क्षतिग्रस्त हो गए। इस मामले में एक अधिकारी ने बताया कि कोतवाली पुलिस स्टेशन की सीमा के अंतर्गत शहजाद अली का घर ध्वस्त कर दिया गया। हमने बुधवार को हुई हिंसा के लिए 150 लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया था। इसमें 46 लोग नामजद हैं।
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