सीमा सुरक्षा बल (बीएसफ) के दक्षिण बंगाल फ्रंटियर की 32वीं वाहिनी ने नशीली दवाओं की तस्करी पर करारा प्रहार किया है। एक विशेष ऑपरेशन के दौरान पश्चिम बंगाल की भारत-बांग्लादेश अंतरराष्ट्रीय सीमा पर नदिया जिले के किशनगंज थाना क्षेत्र के अंतर्गत मझदिया कस्बे के नागहटा इलाके में तीन भूमिगत स्टोरेज टंकी से 62,200 फेंसिडिल की बोतलें बरामद की गई हैं। इनकी अनुमानित कीमत 1,40,58,444 रुपये आंकी गई है। भारत-बांग्लादेश अंतरराष्ट्रीय सीमा फेंसिडिल की इतनी बड़ी खेप का बरामद होना, तस्करों पर बड़ी चोट माना जा रहा है।
बीएसएफ के अनुसार, इस कार्रवाई से तस्करों का नेटवर्क पूरी तरह से हिल गया है। 24 जनवरी को एक सटीक और विश्वसनीय खुफिया जानकारी के आधार पर बीएसफ दक्षिण बंगाल फ्रंटियर की 32वीं वाहिनी की सीमा चौकी टूंगी के जवानों ने दोपहर 02.45 बजे नदिया जिले के मझदिया कस्बे के अंतर्गत नागहटा इलाके में एक संगठित घेराबंदी की। वहां पर तलाशी अभियान शुरू किया गया।
इस ऑपरेशन में बीएसफ के अधिकारियों, जवानों और स्थानीय पुलिस प्रतिनिधियों ने पूरी सतर्कता और सावधानी के साथ हिस्सा लिया। तलाशी के दौरान जवानों ने 03 भूमिगत स्टोरेज टंकी का पता लगाया। इनमें से दो टंकी घने बगीचों के बीच छुपा कर बनाए हुए थे, जबकि एक टंकी सीजीआई शीट की झोपड़ी के नीचे बनाया गया था।
दवा तस्करी के नेटवर्क का पर्दाफाश
बंकरों को खोलनें के बाद उनके अंदर से फेंसिडिल की बोतलों से भरी हुई पेटियां बरामद हुई। 62,200 फेंसिडिल की बोतलों की अनुमानित कीमत 1,40,58,444 आंकी गई है। फेंसिडिल की इतनी बड़ी खेप देखकर हर कोई हैरान रह गया। इस बरामदगी ने क्षेत्र में सक्रिय तस्करी नेटवर्क की गहराई और उनके योजनाबद्ध षड्यंत्रों को उजागर कर दिया। जब्त की गई फेंसेडिल की खेप को आगे की कानूनी कार्रवाई के लिए सम्बंधित विभाग को सौंप दिया गया है।
बीएसएफ के दक्षिण बंगाल फ्रंटियर के प्रवक्ता ने इस महत्वपूर्ण ऑपरेशन की सराहना करते हुए कहा कि यह उपलब्धि सीमा सुरक्षा बल के जवानों की सतर्कता, साहस और प्रतिबद्धता का प्रमाण है। उन्होंने कहा कि तस्करों के इस जटिल नेटवर्क पर और अधिक जानकारी जुटाई जा रही है, जिससे आने वाले समय में और बड़े खुलासे हो सकते हैं।