फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

पीएम के गढ़ में सेंध: महेश सवानी आप में शामिल, 4000 बेटियों के 'दत्तक पिता' हैं सूरत के ये हीरा व्यापारी

Mon, 28 Jun 2021 12:25 AM IST
सुरेंद्र जोशी अमित शर्मा, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

सूरत में निकाय चुनावों में आम आदमी पार्टी की जीत के बाद महेश सवानी का आप से जुड़ना गुजरात विधानसभा चुनाव से पहले बड़ी मनोवैज्ञानिक जीत है।
 
विज्ञापन
आप में शामिल होने पर सवानी का स्वागत करते मनीष सिसोदिया - फोटो : Twitter: @msisodia
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

आम आदमी पार्टी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के गढ़ गुजरात में सूरत के निकाय चुनावों में जीत के बाद एक और बड़ी मनोवैज्ञानिक बढ़त हासिल की है। सूरत के प्रसिद्ध हीरा व्यवसायी महेश सवानी ने रविवार को आम आदमी पार्टी की सदस्यता ले ली। 

विज्ञापन


सेवानी गुजरात में समाज सेवा के लिए प्रसिद्ध हैं और लोग प्यार से उन्हें 'अनाथ-गरीब बेटियों के दत्तक पिता' कहते हैं। उनका यह उपनाम उनकी जनसेवा और गरीब बेटियों की शादी कराने के कारण मिला है। वे अब तक 4,000 से ज्यादा गरीब बेटियों की शादी करवा चुके हैं। उनके आने से आम आदमी पार्टी न केवल गुजरात में मजबूत होगी, बल्कि आगामी विधानसभा चुनावों में वह भाजपा और कांग्रेस के सामने बड़ी मुश्किल भी खड़ी करेगी।

गुजरात चुनाव में बड़ी जिम्मेदारी संभव
महेश सवानी को गुजरात विधानसभा चुनावों के मद्देनजर बड़ी जिम्मेदारी दी जा सकती है। उनके पार्टी में जुड़ने से अन्य बड़े व्यवसायियों के भी पार्टी के साथ जुड़ने की संभावना बन रही है।
विज्ञापन


दरअसल, महेश सवानी का अर्थ केवल एक व्यक्ति होने तक सीमित नहीं है। वे पूरे गुजरात में समाज सेवा के कार्यों के लिए जाने जाते हैं। उन्होंने अब तक बिना किसी राजनीतिक दल से जुड़े समाज की सेवा की है जिसके कारण अहमदाबाद, सूरत, भरुच जैसे इलाकों में उनकी बहुत साख है। उन्होंने हीरा व्यवसायियों के एसोसिएशन में महत्त्वपूर्ण पद भी संभाले हैं, माना जा रहा है कि उनके आम आदमी पार्टी में शामिल होने से पार्टी को गुजरात के विधानसभा चुनावों में पांव जमाने का अच्छा अवसर मिलेगा।

सूरत में इस बदलाव के मायने

सूरत ट्रेडर्स एसोसिएशन के सदस्य जगदीश भाई ने अमर उजाला से कहा कि महेश सवानी पूरे गुजरात में एक निष्पक्ष और बेहद ईमानदार व्यक्ति के तौर पर देखे जाते हैं। समाज में उनकी बहुत अधिक प्रतिष्ठा है। उनके आम आदमी पार्टी के साथ जुड़ने से उसको मनोवैज्ञानिक बढ़त मिलेगी।

पिछले चुनाव में भाजपा की अटकी थी सांस
सूरत अभी तक प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का एक विशेष समर्थक गढ़ के रूप में देखा जाता रहा है। पिछले विधानसभा चुनाव में जब सत्ता तक पहुंचने को लेकर भाजपा की सांस अटक गई थी, इसी सूरत ने प्रधानमंत्री की 'गुजरात के बेटे' की छवि को बचा लिया था क्योंकि इस गढ़ में भाजपा ने बेहद अच्छा प्रदर्शन किया था। ऐसे समर्थक गढ़ का कांग्रेस के मुकाबले आम आदमी पार्टी की तरफ झुक जाना दोनों पार्टियों के लिए बड़ा झटका है।

यूपी व बिहार के श्रमिकों का गढ़ है सूरत

दरअसल, सूरत प्रमुख रूप से पूर्वी उत्तर प्रदेश और बिहार के श्रमिकों का गढ़ माना जाता है। वे यहां की टेक्सटाइल कंपनियों में श्रम करते हैं और गुजरात के विकास में योगदान देते हैं।

सूरत नगर निगम में आम आदमी पार्टी की जीत को यूपी और बिहार के लोगों के बीच दिल्ली सरकार के विकास के मॉडल को मिल रही स्वीकृति के रूप में देखा जा रहा है। यही कारण है कि पार्टी न केवल गुजरात, बल्कि उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनावों में भी अपने लिए एक संभावना देख रही है।
विज्ञापन

केजरीवाल और सिसोदिया ने किया स्वागत

महेश सवानी को अपने पाले में कर आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल बहुत खुश हैं। सवानी के पार्टी से जुड़ने के बाद उन्होंने ट्वीट कर कहा कि उनका पार्टी में स्वागत है। यह दिल्ली सरकार की आम आदमी के प्रति प्रतिबद्धता की जीत है और अब वे सब मिलकर गुजरात का विकास करेंगे।

वहीं, दिल्ली के उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने कहा कि महेश सवानी का पार्टी के साथ जुड़ना इस बात का प्रमाण है कि दिल्ली सरकार का आम आदमी के प्रति जो प्रतिबद्धता है, उसे जनता के बीच सहर्ष स्वीकार किया जा रहा है और जनता इसे एक बदलाव के रूप में देख रही है। उन्होंने कहा कि आम आदमी पार्टी गुजरात को एक नई ऊंचाई पर ले जाने के लिए प्रतिबद्ध है।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें