बीबीसी पर आयकर विभाग के सर्वे पर बीजेपी ने कहा कि चाहे वह कांग्रेस हो या समाजवादी पार्टी हो। यह हर भारतीय के लिए चिंता का विषय है। पहले कांग्रेस को यह समझना होगा कि भारत कानून और संविधान से चलता है और यह पीएम मोदी के नेतृत्व वाली सरकार में कोई भी जांच एजेंसी पिंजरे का तोता नहीं रही, जिसे कांग्रेस फटकार लगाएगी। यह अपना काम कर रही हैं। कोई भी एजेंसी हो, मीडिया से जुड़ी हो, कंपनी हो। अगर वह भारत में काम कर रही है तो उसे भारत के कानून का पालन करना होगा। अगर कुछ गलत नहीं किया, कानून का पालन किया तो डर कैसा, चिंता कैसी। आयकर विभाग को अपना काम करने देना चाहिए। दूध का दूध और पानी का पानी हो जाएगा।
यह कहना गलत नहीं होगा कि बीबीसी का प्रोपोगैंडा और कांग्रेस का एजेंडा एक साथ मेल खाता है। पीएम मोदी के नेतृत्व में भारत आगे बढ़ रहा है, जी20 का नेतृत्व कर रहा है। लेकिन कुछ शक्तियों को यह नहीं भाता। लेकिन जब भारत आगे बढ़ता है तो जो भी विदेशी मीडिया एजेंसी हों या राहुल गांधी और अन्य सियासी दल हों, इन्हें यह पसंद नहीं आता। बीबीसी का इतिहास द्वेषपूर्ण तरीके से भारत के खिलाफ काम करने का रहा है। कांग्रेस को यह याद रखना चाहिए कि किस तरह से श्रीमति इंदिरा गांधी ने खुद बीबीसी पर बैन लगाया था।
बीजेपी नेता गौरव भाटिया ने प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए कहा कि किस तरह पत्रकारिता की आड़ में एक एजेंडा आगे बढ़ाया जाता है, वह मैं आपके सामने रखता हूं। बीबीसी द्वारा एक प्रोग्राम- 'द अनलीश्ड' में प्रोग्राम के प्रेजेंटर ने कश्मीर में आतंकी कमांडर को करिश्माई युवा उग्रवादी बता दिया था। यह किस तरह की रिपोर्टिंग है! आप भारत में कार्य करना चाहते हैं और भारत की अखंडता को चोट पहुंचाने का प्रयास करते हैं। इसी तरह से पूरी दुनिया में भारत अपनी संस्कृति-विविधता के लिए जाना जाता है। यहां क्या त्योहार हैं, सबके क्या भाव हैं, वह बिना जाने बीबीसी ने कहा कि होली एक गंदा त्योहार है। इसके कई उदाहरण हैं कि बीबीसी की रिपोर्टिंग कितनी सतही और जहरीली है।
बीजेपी ने कहा कि बीबीसी की एक प्रेजेंटर ने बेशर्मी से कहा था कि महात्मा गांधी भारत को 1942 में ही आजाद कराने में नाकाम रहे थे। ब्रिटेन की पूर्व प्रधानमंत्री मार्गरेट थैचर ने भी बीबीसी को लताड़ लगाई थी। उन्होंने बीबीसी को बोल्शेविक ब्रॉडकास्टिंग कॉरपोरेशन करार दिया था। अगर एक संस्था अपना कार्य कर रही है और अभी वह कार्रवाई पूरी भी नहीं हुई है। उसका निचोड़ और निष्कर्ष बाहर भी नहीं आया है। तो आखिर किस आधार पर कांग्रेस सरकार पर आरोप लगा रही है। आपका चरित्र ऐसा बन गया है कि जो भी देशविरोधी ताकतें होंगी, वह उसके साथ ही खड़ी होंगी। चीन हो या बीबीसी और कई बार तो आतंकियों के साथ कांग्रेस का हाथ। यह सवाल बार-बार पूछा जाएगा।