भाजपा के राज्यसभा सांसद हरनाथ सिंह यादव बुधवार को आल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (एआईएमआईएम) के प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी पर जमकर हमला बोला। राज्यसभा सांसद ने कहा कि ओवैसी देश को तबाह करने में लगे हैं। हरनाथ सिंह यादव ने ऐसा पाकिस्तान के संस्थापक मोहम्मद अली जिन्ना से ओवैसी की तुलना करते हुए कहा।
भाजपा सांसद ने कहा कि जहां आजादी से पहले देश को तबाह करने का काम जिन्ना ने किया था, वही काम आजादी के बाद ओवैसी कर रहे हैं। लेकिन भारतीय जनता पार्टी ऐसा नहीं होने देगी, ओवैसी का रवैया बर्दाश्त से बाहर है। यादव ने मुस्लिमों को ओवैसी से सतर्क रहने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि ओवैसी मुस्लिमों को गुमराह करने में लगे हैं।
ओवैसी ने मंगलवार को ट्वीट कर भाजपा सरकार को घेरा
एआईएमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने मंगलवार भाजपा सरकार पर ताबड़तोड़ हमले किए। भाजपा पर तंज कसते हुए उन्होंने कहा कि भारत इस हिंदुत्व वैचारिक परियोजना से कमजोर और नष्ट हो गया है। उन्होंने कहा कि हम मूक दर्शक नहीं बन सकते। इतना ही नहीं उन्होंने पीएम मोदी पर प्रत्यक्ष रूप से हमला करते हुए कहा कि हमारे पास एक पीएम साहब हैं, जिनका 56 इंच का सीना गायब हो गया है। उन्होंने कहा कि हमारी लड़ाई एक मजबूत समावेशी भारत के लिए है जहां सभी भारतीयों के अधिकार सुरक्षित हैं और संवैधानिक मूल्य सर्वोपरि हैं। स्वतंत्रता, समानता और बंधुत्व के लिए यह न्याय की लड़ाई है।
मोदी सरकार पर एआईएमआईएम प्रमुख ने साधा निशाना
मोदी सरकार पर हमला करते हुए उन्होंने कहा कि मोदी सरकार हमारी राष्ट्रीय सीमाओं की रक्षा करने में असमर्थ है। यही मौलिक जिम्मेदारी है जिसके लिए इसे चुना गया है। पीएम मोदी पर हमला करते हुए उन्होंने कहा कि वे अर्थव्यवस्था का प्रबंधन भी नहीं कर सकते है जो कि मंदी में है। इस दौरान एआईएमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने आरोप लगाते हुए कहा कि सामाजिक रूप से भाजपा भारत को तबाह करने के मिशन पर है।
फेसबुक पोस्ट से गरमाई राजनीति
इससे पहले ओवैसी ने अपने फेसबुक पोस्ट में इतिहास और मुगलकाल को लेकर बड़ा दावा किया है। उन्होंने लिखा है, भारत के मुसलमानों का मुगलों से कोई रिश्ता ही नहीं है, लेकिन ये बताओ मुगल बादशाहों की बीवियां कौन थीं? उनके इस पोस्ट के बाद नया विवाद खड़ा हो गया है।
अनपढ़ संघी नहीं समझेंगे
ओवैसी ने असम के मुख्यमंत्री सरमा के मदरसे को लेकर दिए गए बयान पर भी आपत्ति जताई थी। ओवैसी ने अपने ट्विटर हैंडल पर बिस्वा के बयान पर पलटवार करते हुए कहा है, असम में 18 लोग मारे गए हैं और 7 लाख बाढ़ से प्रभावित हुए हैं, लेकिन मुख्यमंत्री अभद्र टिप्पणियों में व्यस्त हैं। उन्होंने आगे कहा, जब संघी ब्रिटिश एजेंट के रूप में काम कर रहे थे, तब मदरसे स्वतंत्रता आंदोलन में सबसे आगे थे। इस्लाम के अलावा कई मदरसे विज्ञान, गणित और सामाजिक अध्ययन पढ़ाते हैं।