लोकसभा में बीते दिन संविधान संशोधन से जुड़े विधेयक पारित नहीं हुए। इसे लेकर एक तरफ कांग्रेस जश्न मना रही है और उसकी तरफ से केंद्र सरकार पर कई आरोप भी लगाए गए हैं। वहीं इसके जवाब में केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने कांग्रेस पर करारा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि राजनीति से प्रेरित होकर और महिलाओं को अधिकार न देने की मानसिकता के साथ कांग्रेस और विपक्ष ने संविधान संशोधन विधेयक पारित नहीं होने दिया। हम दुखी इसलिए हैं क्योंकि इससे देश की महिलाओं को नुकसान हुआ है। देश की बागडोर संभालने और निर्णय प्रक्रिया में उन्हें प्रतिनिधित्व देने का प्रयास सफल नहीं हो सका। अब कांग्रेस और उसके सहयोगी दलों को महिलाओं का आक्रोश झेलना पड़ेगा।
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'हम महिलाओं को उनका हक दिला रहे थे'
केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा, कल संसद में जो हुआ उसे देश ने देखा है। नारी शक्ति बिल, बहुमत न मिलने के कारण पारित नहीं हो सका है। उन्होंने विपक्ष पर हमला बोलते हुए कहा कि उन्होंने इस गंभीर मुद्दे को भी राजनीति से देखा और राजनीति से प्रेरित होकर काम किया। उन्होंने कहा कि विपक्ष के साथ न आने के कारण नारी शक्ति बिल को दो तिहाई बहुमत हमें नहीं मिल सका। उन्होंने कहा कि विपक्ष ने जिस तरह का काम किया है उसका जवाब अब उन्हें महिलाओं को देना होगा। उन्होंने कहा कि हम महिलाओं को उनका हक दिला रहे थे लेकिन विपक्ष महिलाओं को आरक्षण न देकर इसका जश्न मना रहा है।
'कांग्रेस पर लगा महिला विरोधी ठप्पा, कभी नहीं हटने वाला'
किरेन रिजिजू ने आगे कहा, 'कांग्रेस के साथ महिला विरोधी होने का जो ठप्पा लग गया है, वह कभी हटने वाला नहीं है। महिलाओं को अधिकार नहीं दिए जाने पर वे जश्न मना रहे हैं? बिल को गिराकर वे जश्न मना रहे हैं? इससे बड़ी महिला विरोधी मानसिकता क्या होगी? उन्होंने अपनी छवि साबित कर दी है। इस पर बहानेबाजी नहीं चाहिए। कांग्रेस को जश्न मनाने की जरूरत नहीं है। यह शर्मनाक बात है। हमने पूरा प्रयास किया। इसके लिए हम प्रधानमंत्री जी को धन्यवाद देते हैं।'
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'कांग्रेस हमेशा से महिलाओं के खिलाफ रही'
केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा, नारी शक्ति बिल खुद विपक्ष ने गिराया और अब बहानेबाजी कर रहा है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस की बिल को लेकर किसी भी तरह की बहानेबाजी अब नहीं चलेगी। रिजिजू ने कांग्रेस पर हमला बोलते हुए कहा कि इस पार्टी की सोच ही महिला विरोधी है। कांग्रेस हमेशा से महिलाओं के खिलाफ रही है। कांग्रेस अब कुछ भी कहे लेकिन उसके ऊपर महिला विरोधी दाग लग चुका है। कांग्रेस और उनके दल अब इससे बच नहीं पाएंगे।
'कांग्रेस के सांसद आकर हमसे मिले...'
उन्होंने कहा कि कांग्रेस को सब मालूम है। कांग्रेस के सांसद भी आकर मिले और उन्होंने बताया कि सरकार की मंशा अच्छी थी, लेकिन हमारे नेता राहुल गांधी मानते ही नहीं हैं, उन्हें कोई समझा नहीं सकता, हम क्या करें? जहां तक परिसीमन की बात है तो उसका नियम तो कांग्रेस के समय चला आ रहा है। प्रक्रिया तो वही है, जो कांग्रेस के जमाने से चली आ रही है। सीटों में किस राज्य की कितनी भागीदारी होगी, इसके आंकड़े सभी राजनीतिक दलों से साझा किए गए थे। सभी दलों ने इसकी सराहना भी की थी। कांग्रेस को अब नाटक करने की जरूरत नहीं है। कोई कल्पना भी नहीं कर सकता कि कांग्रेस जैसा राष्ट्रीय दल महिला आरक्षण का भी विरोध कर सकता है। हमें नहीं पता था कि वे इस हद तक चले जाएंगे। कांग्रेस ने इतना बड़ा पाप कर दिया। पहले तो इन्हें सजा मिलनी चाहिए।
कांग्रेस ने लाखों महिलाओं के साथ विश्वासघात किया : नायडू
आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन चंद्रबाबू नायडू ने कहा कि कांग्रेस पार्टी ने महिला आरक्षण विधेयक को रोककर भारत को महिला सशक्तीकरण की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम से वंचित कर दिया। नायडू ने शनिवार को पूर्वी गोदावरी जिले में एनडीए की रैली में भी हिस्सा लिया, जिसमें महिला आरक्षण विधेयक की हार के खिलाफ विरोध जताया गया।
सीएम चंद्रबाबू ने सोशल मीडिया में लिखा कि यह केवल राजनीतिक बाधा नहीं है, बल्कि लाखों महिलाओं के साथ विश्वासघात है, जो संसद में समान आवाज और उचित प्रतिनिधित्व की हकदार हैं। देश इसे याद रखेगा। एनडीए सहयोगी दल तेदेपा के नेता ने यह भी कहा कि परिसीमन व संविधान संशोधन विधेयक (महिला आरक्षण विधेयक) को गिराकर विपक्षी दलों ने देश को भारी नुकसान पहुंचाया है। यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि राजनीतिक एजेंडा दीर्घकालिक राष्ट्रीय हित पर हावी हो गया है।
ईस्ट गोदावरी जिले के निदादावोलू में शनिवार को एक जनसभा को संबोधित करते हुए नायडू ने कहा कि एनडीए का लक्ष्य संसद और विधानसभाओं में महिलाओं का प्रतिनिधित्व बढ़ाना है। एनडीए विधायी निकायों में महिला आरक्षण सुनिश्चित करने के लिए लोगों में जागरूकता फैलाने की जिम्मेदारी निभाएगा। उन्होंने कहा कि संसद और राज्य विधानसभाओं में महिलाओं को आरक्षण देने की कोशिश की गई, लेकिन कांग्रेस के नेतृत्व वाले विपक्षी दलों ने संसद में इस कवायद को अवरुद्ध कर दिया। मुख्यमंत्री ने कहा, राजग लंबे समय से ही महिलाओं के लिए आरक्षण देने के प्रयास करता रहा जिनमें इस बारे में चार बार विधेयक पेश करना भी शामिल है।
महिलाओं के साथ अन्याय करने वाले टिक नहीं पाएंगे नायडू ने आरोप लगाया कि महिलाओं के वोटों से फायदा उठाने के बावजूद कांग्रेस 1996 से उन्हें धोखा दे रही है। जो पार्टियां महिलाओं के साथ अन्याय करती हैं, वे टिक नहीं पाएंगी। नायडू ने यह भी आरोप लगाया कि विपक्षी पार्टियां यह बात फैला रही हैं कि दक्षिणी और पूर्वी राज्यों को नुकसान होगा। उन्होंने कहा कि पीएम नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कहा था कि सीटों की संख्या 50% बढ़ जाएगी।
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