बंगलूरू में बैंक लॉकर सुरक्षा पर बड़ा सवाल खड़ा हो गया है। इंडियन बैंक के एक सहायक प्रबंधक पर ग्राहकों का करोड़ों रुपये का सोना बिना अनुमति निकालकर गिरवी रखने का आरोप लगा है। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए आरोपी अधिकारी को गिरफ्तार कर लिया है। मामले में लाखों नहीं बल्कि करोड़ों रुपये के गहनों की हेराफेरी सामने आई है।
लॉकर जांच में खुला बड़ा घोटाला
मामले का खुलासा तब हुआ जब 2 फरवरी को एक ग्राहक अपना सोना लॉकर से निकालने बैंक पहुंचा। जांच के दौरान गहने लॉकर में नहीं मिले। इसके बाद बैंक के मुख्य प्रबंधक दिलीप कुमार ने रिकॉर्ड की जांच कराई। जांच में सामने आया कि कई ग्राहकों के लॉकर से गहने गायब हैं। इसके बाद 5 फरवरी को गिरिनगर पुलिस थाने में सहायक प्रबंधक किरण कुमार के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई गई।
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बिना इजाजत निकाला 2.787 किलो सोना
पुलिस के मुताबिक आरोपी सहायक प्रबंधक ने उच्च अधिकारियों को बताए बिना कई लॉकरों से कुल 2.787 किलोग्राम सोने के गहने निकाल लिए। इन गहनों की बाजार कीमत करीब 4.12 करोड़ रुपये बताई गई है। आरोप है कि उसने यह सोना एक फाइनेंस कंपनी के पास गिरवी रख दिया। जांच में ऐसे डिजिटल सबूत भी मिले हैं जिनसे संकेत मिला है कि गिरवी रखकर मिले पैसों का इस्तेमाल ऑनलाइन सट्टेबाजी में किया गया।
अब तक 700 ग्राम सोना बरामद, जांच जारी
पुलिस उपायुक्त दक्षिण लोकेश बी जगलासर ने बताया कि आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है और सोना बरामद करने की कार्रवाई जारी है। अब तक करीब 700 ग्राम सोना वापस मिला है। पुलिस ने कहा कि कुछ फाइनेंसर पूरा सहयोग नहीं दे रहे हैं, ऐसे में उनके खिलाफ अदालत का दरवाजा खटखटाया जाएगा। पुलिस ने सभी ग्राहकों को सलाह दी है कि वे अपने बैंक लॉकर का स्टेटस तुरंत जांच लें।
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